नयी दिल्ली, आठ अप्रैल (भाषा) भारत ने वर्ष 2028 में आयोजित होने वाले संयुक्त राष्ट्र के वार्षिक जलवायु सम्मेलन ‘कॉन्फ्रेंस ऑफ द पार्टीज’ (सीओपी33) की मेजबानी करने के अपने प्रस्ताव को वापस ले लिया है। सूत्रों ने बुधवार को यह जानकारी दी।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने वर्ष 2023 में दुबई में आयोजित सीओपी28 के दौरान भारत को सीओपी33 के मेजबान के रूप में प्रस्तावित किया था। आम तौर पर किसी भी सीओपी सम्मेलन का आयोजन स्थल दो वर्ष पहले तय किया जाता है।
सूत्रों ने बताया कि इस सप्ताह की शुरुआत में संबंधित पक्षों को आधिकारिक रूप से सूचित कर दिया गया कि भारत सीओपी33 की मेजबानी की अपनी दावेदारी वापस ले रहा है। हालांकि, सरकार के इस निर्णय के पीछे कोई विशेष कारण नहीं बताया गया।
इस घटनाक्रम पर पर्यावरण मंत्रालय की ओर से कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है, जबकि जर्मनी के बॉन स्थित सीओपी मुख्यालय को भेजे गए प्रश्नों का भी कोई जवाब नहीं मिला।
हालांकि, नीति आयोग के पूर्व सीईओ अमिताभ कांत ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में भारत के इस कदम को ‘समझदारी भरा कदम’ बताया।
उन्होंने लिखा, ‘विकसित देशों ने पेरिस में सीओपी21 में किए गए अपने किसी भी वादे को पूरा नहीं किया है। सीओपी पर जीवाश्म ईंधन के समर्थकों का कब्जा हो गया है।’
भाषा
राखी पारुल
पारुल