जम्मू-कश्मीर: वरिष्ठ अधिकारियों ने अमरनाथ यात्रा की तैयारियों की समीक्षा की
जम्मू-कश्मीर: वरिष्ठ अधिकारियों ने अमरनाथ यात्रा की तैयारियों की समीक्षा की
जम्मू, 29 जून (भाषा) जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग पर सोमवार तड़के आगामी अमरनाथ यात्रा की तैयारियों के तहत यात्रा काफिले का पूर्वाभ्यास किया गया। इस दौरान अधिकारियों ने सुरक्षा समेत विभिन्न व्यवस्थाओं का जायजा लिया। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।
जम्मू के संभागीय आयुक्त रमेश कुमार और जम्मू रेंज के पुलिस महानिरीक्षक भीम सेन टूटी ने सुबह पांच बजे जम्मू स्थित भगवती नगर आधार शिविर से यात्रा काफिले को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इसके बाद दोनों अधिकारी यात्रा के दौरान व्यवस्थाओं का प्रत्यक्ष रूप से आकलन करने के लिए एक बस में सवार हुए।
57 दिनों तक चलने वाली वार्षिक अमरनाथ यात्रा तीन जुलाई से दो मार्गों — दक्षिण कश्मीर के अनंतनाग जिले में स्थित 48 किलोमीटर लंबे पारंपरिक पहलगाम मार्ग और मध्य कश्मीर के गांदरबल जिले में स्थित 14 किलोमीटर लंबे, अपेक्षाकृत छोटे लेकिन अधिक दुर्गम बालटाल मार्ग से शुरू होगी।
यात्रियों के पहले जत्थे को एक दिन पहले जम्मू स्थित भगवती नगर आधार शिविर से हरी झंडी दिखाकर रवाना किया जाएगा।
अधिकारियों ने बताया कि इस पूर्वाभ्यास का उद्देश्य यात्रा काफिले की आवाजाही, सुरक्षा उपायों, रसद व्यवस्था और विभिन्न एजेंसियों के बीच समन्वय का आकलन करना था।
अधिकारियों ने बताया कि घाटी को देश के अन्य हिस्सों से जोड़ने वाले एकमात्र सर्वकालिक सड़क मार्ग, जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग पर आम नागरिकों के वाहनों की आवाजाही के निलंबन के बीच कड़ी सुरक्षा के साथ काफिला चार घंटे के भीतर रामबन जिला मुख्यालय पहुंच गया।
काफिला कुछ समय के लिए चंदरकोट यात्रा लंगर स्थल पर रुका, जहां श्रद्धालुओं के लिए की गई व्यवस्थाओं और उपलब्ध सुविधाओं की समीक्षा की गई।
अधिकारियों ने बताया कि इसके बाद काफिला बनिहाल के लिए रवाना हुआ। बनिहाल राजमार्ग पर वह कस्बा है, जो एक सुरंग के माध्यम से जम्मू क्षेत्र को दक्षिण कश्मीर के काजीगुंड कस्बे से जोड़ता है। उन्होंने कहा कि अगले कुछ घंटों में काफिले के अपने गंतव्य पहलगाम और बालटाल आधार शिविर पहुंचने के साथ ही यह पूर्वाभ्यास पूरा हो जाएगा।
यातायात अधिकारियों ने बताया कि राष्ट्रीय राजमार्ग पर आम नागरिकों के वाहनों की आवाजाही को काजीगुंड से तभी अनुमति दी जाएगी, जब यात्रा काफिला वहां से आगे निकल जाएगा।
भाषा तान्या वैभव
वैभव

Facebook


