केरल उच्च न्यायालय ने ईडी की जांच के खिलाफ सीएमआरएल की अपील खारिज की

केरल उच्च न्यायालय ने ईडी की जांच के खिलाफ सीएमआरएल की अपील खारिज की

केरल उच्च न्यायालय ने ईडी की जांच के खिलाफ सीएमआरएल की अपील खारिज की
Modified Date: June 5, 2026 / 11:25 am IST
Published Date: June 5, 2026 11:25 am IST

कोच्चि, पांच जून (भाषा) केरल उच्च न्यायालय ने कोचीन मिनरल्स एंड रूटाइल लिमिटेड (सीएमआरएल) की वह याचिका शुक्रवार को खारिज कर दी जो प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) को कंपनी के खिलाफ धन शोधन की जांच जारी रखने की अनुमति देने वाले एकल पीठ के फैसले के खिलाफ दायर की गई थी।

केरल के पूर्व मुख्यमंत्री पिनरायी विजयन की बेटी वीणा टी. के साथ खनन कंपनी के वित्तीय लेनदेन के मामले में यह जांच जारी रखने की ईडी को अनुमति दी गई थी।

न्यायमूर्ति राजा विजयराघवन और न्यायमूर्ति के. वी. जयकुमार की खंडपीठ ने एकल पीठ के 26 मई के आदेश को बरकरार रखते हुए कहा कि उसे इस फैसले में हस्तक्षेप करने का कोई कारण नजर नहीं आता।

उच्च न्यायालय ने सीएमआरएल के वकील के उस अनुरोध को भी अस्वीकार कर दिया जिसमें कंपनी को दो सप्ताह की राहत देने का आग्रह किया गया था ताकि वह उच्चतम न्यायालय में अपील दायर कर सके।

पीठ ने कंपनी की याचिका खारिज करते हुए कहा, ‘‘अनुसूचित अपराध के संबंध में प्राथमिकी या शिकायत दर्ज नहीं होना प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) को धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) के तहत दीवानी कार्रवाई शुरू करने से नहीं रोकता।’’

अदालत ने कहा, ‘‘अनुसूचित अपराध दर्ज होना केवल आपराधिक मामलों में अभियोजन के लिए पूर्व शर्त है, न कि दीवानी कार्रवाई के लिए या अधिनियम के तहत जांच शक्तियों के प्रयोग के लिए।’’

अदालत ने प्रवर्तन निदेशालय द्वारा दर्ज प्रवर्तन मामला सूचना रिपोर्ट (ईसीआईआर) को रद्द करने का अनुरोध कर रही कंपनी की याचिका भी खारिज कर दी।

एकल पीठ ने 26 मई के अपने फैसले में कहा था कि ईडी गंभीर धोखाधड़ी जांच कार्यालय (एसएफआईओ) द्वारा औपचारिक प्राथमिकी या अंतिम रिपोर्ट दाखिल किए जाने से पहले भी धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) के तहत अपनी जांच आगे बढ़ा सकता है।

एकल पीठ के आदेश के बाद ईडी ने 27 मई को विजयन की बेटी से जुड़े सीएमआरएल धन शोधन मामले की जांच के सिलसिले में पूर्व मुख्यमंत्री विजयन और अन्य लोगों के आवासों पर छापे मारे थे।

यह मामला जनवरी 2019 में कंपनी के कार्यालयों और उसके वरिष्ठ अधिकारियों के आवासों पर आयकर विभाग की छापेमारी से जुड़ा है। बाद में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता शोन जॉर्ज की शिकायत के बाद एसएफआईओ ने इसकी जांच की।

भाषा सिम्मी मनीषा

मनीषा


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