केरल की सबसे कम उम्र की अंगदाता का राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया

केरल की सबसे कम उम्र की अंगदाता का राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया

केरल की सबसे कम उम्र की अंगदाता का राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया
Modified Date: February 15, 2026 / 07:16 pm IST
Published Date: February 15, 2026 7:16 pm IST

पथनमथिट्टा, 15 फरवरी (भाषा) केरल में सबसे कम उम्र की अंगदाता 10 महीने की बच्ची को नम आंखों से अंतिम विदाई दी गई। बच्ची को ‘ब्रेन डेड’ घोषित किए जाने के बाद माता-पिता ने उसके अंगों को दान करने का फैसला किया जिसके कारण वह राज्य की सबसे कम उम्र की अंगदाता बन गई।

रविवार को मल्लापल्ली में राजकीय सम्मान के साथ बच्ची का अंतिम संस्कार किया गया।

आज सुबह बच्ची के पार्थिव शरीर को अंतिम संस्कार के लिए घर लाए जाने के बाद मंत्रियों समेत राज्य भर के आम लोग आलिन शेरिन अब्राहम को अंतिम श्रद्धांजलि अर्पित करने उसके घर पहुंचे।

आलिन शेरिन पांच फरवरी को कोट्टायम के पास पल्लम में एमसी रोड पर अपनी मां और नाना-नानी के साथ यात्रा करते समय एक सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल हो गई थी।

वह पथनमथिट्टा जिले के मल्लापल्ली निवासी अरुण अब्राहम और शेरिन एन जॉन की बेटी थी।

चिकित्सा के पूरे प्रयास किये गए, लेकिन चिकित्सकों ने 12 फरवरी को उसे ‘ब्रेन डेड’ घोषित कर दिया।

अधिकारियों ने बताया कि उसके माता-पिता की सहमति से केरल राज्य अंग एवं ऊतक प्रत्यारोपण संगठन (के-सोट्टो) के माध्यम से अंगदान प्रक्रिया का समन्वय किया गया।

भाषा तान्या संतोष

संतोष


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