मिजोरम सरकार ने हमार समूह के साथ शांति समझौता किया, राज्य में उग्रवाद का अंत

मिजोरम सरकार ने हमार समूह के साथ शांति समझौता किया, राज्य में उग्रवाद का अंत

मिजोरम सरकार ने हमार समूह के साथ शांति समझौता किया, राज्य में उग्रवाद का अंत
Modified Date: April 14, 2026 / 10:00 pm IST
Published Date: April 14, 2026 10:00 pm IST

आइजोल, 14 अप्रैल (भाषा) मिजोरम सरकार ने लालमिंगथांगा सनाते नीत हमार पीपुल्स कन्वेंशन (डेमोक्रेटिक) गुट के साथ मंगलवार को शांति समझौते पर हस्ताक्षर किए, जिससे राज्य में उग्रवाद का अंत हो गया। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।

उन्होंने बताया कि द्विपक्षीय समझौते में राज्य के उत्तरी और उत्तरपूर्वी भाग में स्थित हमार बहुल सिनलुंग पर्वतीय परिषद (एसएचसी) क्षेत्र के लिए एक व्यापक विकास योजना का खाका पेश किया गया है, जिसमें बजट आवंटन में वृद्धि, विकास के लिए एक विशेष पैकेज और बुनियादी ढांचे का उन्नयन शामिल है।

इस समझौते में पांच दिसंबर को मनाए जाने वाले सबसे बड़े हमार त्योहार ‘सिकपुई रुओई’ को आधिकारिक मान्यता देने का भी प्रावधान है।

समझौते पर मिजोरम सरकार की ओर से गृह सचिव डेविड लालथंत्लुआंगा और हमार पीपुल्स कन्वेंशन (डेमोक्रेटिक) की ओर से गुट के अध्यक्ष लालमिंगथांगा सनाते ने हस्ताक्षर किए। वर्ष 2018 की संधि के तहत गठित एसएचसी के मुख्यालय साकावर्दई में दोनों पक्ष ने शांति समझौते पर आयोजित किये।

मुख्यमंत्री के सलाहकार और विधायक लालमुआनपुइया पुंटे, वरिष्ठ अधिकारियों और हमार समुदाय के नेताओं की उपस्थिति में समझौते पर हस्ताक्षर किए गए।

समझौते के तहत, सनाते के नेतृत्व वाले गुट के 43 कार्यकर्ता हथियार डाल देंगे और मुख्यधारा में शामिल हो जाएंगे। आइजोल से लगभग 40 किलोमीटर दूर सेसावंग स्थित केंद्रीय प्रशिक्षण संस्थान में 30 अप्रैल को इन उग्रवादियों को औपचारिक रूप से मुख्य धारा में शामिल करने के लिए एक समारोह आयोजित किया जाएगा।

भाषा

राखी धीरज

धीरज


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