शैक्षणिक वर्ष 2025-26 के दौरान देशभर के 55 से अधिक इंजीनियरिंग कॉलेज बंद किए गए: एआईसीटीई
शैक्षणिक वर्ष 2025-26 के दौरान देशभर के 55 से अधिक इंजीनियरिंग कॉलेज बंद किए गए: एआईसीटीई
नयी दिल्ली, पांच जुलाई (भाषा) अखिल भारतीय तकनीकी शिक्षा परिषद (एआईसीटीई) ने कहा कि देशभर के 55 से अधिक इंजीनियरिंग कॉलेजों को विभिन्न कारणों से शैक्षणिक वर्ष 2025-26 के दौरान बंद कर दिया गया, हालांकि मौजूदा विद्यार्थियों को अपनी डिग्री पूरी करने की अनुमति दी जाएगी।
एआईसीटीई के एक वरिष्ठ अधिकारी ने ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, ‘‘2025-26 के दौरान कुल 58 इंजीनियरिंग और प्रौद्योगिकी कॉलेजों को चरणबद्ध तरीके से बंद किया गया। चरणबद्ध तरीके से बंद किए जाने का मतलब है कि संस्थान उस शैक्षणिक वर्ष के दौरान प्रथम वर्ष के लिए विद्यार्थियों को दाखिला नहीं दे सकता है जिस वर्ष उसे बंद किया गया। हालांकि, मौजूदा विद्यार्थियों की पढ़ाई जारी रहेगी।’’
अखिल भारतीय तकनीकी शिक्षा परिषद (एआईसीटीई) देश में तकनीकी शिक्षा के लिए वैधानिक राष्ट्रीय शीर्ष सलाहकार एवं नियामक संस्था है। यह इंजीनियरिंग, वास्तुकला, प्रबंधन और फार्मेसी जैसे पाठ्यक्रमों की निगरानी करती है तथा इन क्षेत्रों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, निर्धारित मानकों के पालन और समन्वित विकास को सुनिश्चित करती है।
उत्तर प्रदेश और महाराष्ट्र में सबसे अधिक 12-12 संस्थान बंद किए गए, इसके बाद मध्यप्रदेश (आठ), तेलंगाना (चार) और पंजाब (चार) का स्थान रहा।
इस दौरान आंध्र प्रदेश और राजस्थान में तीन-तीन कॉलेज बंद किए गए, जबकि गुजरात, कर्नाटक, पुणे और तमिलनाडु में दो-दो कॉलेज बंद हुए। हरियाणा, ओडिशा, उत्तराखंड और पश्चिम बंगाल में एक-एक कॉलेज बंद किए गए।
इन 58 संस्थानों में से तीन सरकारी सहायता प्राप्त थे, जबकि शेष निजी थे।
अधिकारी ने कहा, ‘‘इस अवधि के दौरान देश भर के प्रौद्योगिकी और इंजीनियरिंग कॉलेजों में संचालित किए जा रहे 950 से अधिक पाठ्यक्रमों को भी बंद कर दिया गया।’’
भाषा खारी नेत्रपाल
नेत्रपाल

Facebook


