मेरे बेटे ने एक बहादुर सैनिक की तरह जान दी: विनय नरवाल के पिता

मेरे बेटे ने एक बहादुर सैनिक की तरह जान दी: विनय नरवाल के पिता

मेरे बेटे ने एक बहादुर सैनिक की तरह जान दी: विनय नरवाल के पिता
Modified Date: April 24, 2025 / 07:24 pm IST
Published Date: April 24, 2025 7:24 pm IST

(तस्वीरों के साथ)

चंडीगढ़, 24 अप्रैल (भाषा) भारतीय नौसेना के अधिकारी लेफ्टिनेंट विनय नरवाल के पिता ने कहा कि उनका बेटा बहुत अच्छा बच्चा था और ‘‘उसने एक बहादुर सैनिक की तरह जान दी’’।

विनय नरवाल पहलगाम में हुए आतंकी हमले में जान गंवाने वाले 26 लोगों में से एक थे।

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विनय के पिता राजेश कुमार ने कहा, “यह दुख का पहाड़ है। मेरे और मेरे परिवार के लिए यह अपूरणीय और असहनीय क्षति है।”

राजेश कुमार ने कहा हालांकि पूरा देश उनके परिवार और मंगलवार को पहलगाम की घटना में जान गंवाने वाले अन्य लोगों के परिवारों के साथ खड़ा है।

विनय (26) की करीब एक सप्ताह पहले ही शादी हुई थी और वह अपनी पत्नी हिमांशी के साथ पहलगाम में ‘हनीमून’ पर गये थे।

बुधवार शाम करनाल में विनय का अंतिम संस्कार किया गया।

केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल खट्टर शोक संतप्त परिवार से मिलने करनाल स्थित उनके घर गए।

विनय नरवाल के दादा हवा सिंह को सांत्वना देते हुए खट्टर रो पड़े।

राजेश कुमार ने पत्रकारों के पूछने पर बताया कि जब विनय इंजीनियरिंग के तीसरे वर्ष की पढ़ाई कर रहे थे तब उन्होंने एक अधिकारी के रूप में रक्षा बलों में शामिल होने की इच्छा जताई थी।

उन्होंने कहा हालांकि वह (विनय) भारतीय वायु सेना में लड़ाकू पायलट बनने का इच्छुक था लेकिन आखिरकार उसने अपने पहले ही प्रयास में परीक्षा पास करने के बाद भारतीय नौसेना में नौकरी हासिल कर ली।

सरकारी कर्मचारी कुमार ने कहा, “विनय एक तेजतर्रार अधिकारी और प्रतिभाशाली छात्र था।”

उन्होंने घटना के बाद सभी आवश्यक सहायता प्रदान करने के लिए जम्मू-कश्मीर सरकार और स्थानीय प्रशासन की भी सराहना की।

विनय नरवाल की बहन सृष्टि ने बताया कि उनका भाई उनके लिए सबकुछ था और हमेशा रहेगा।

बृहस्पतिवार को बड़ी संख्या में लोग नरवाल के घर संवेदना व्यक्त करने पहुंचे।

पहलगाम में आतंकी घटना से कुछ दिन पहले ही विनय की शादी की खुशी में शामिल होने के लिए उनके करनाल स्थित आवास पर रिश्तेदारों, पड़ोसियों और अन्य लोगों का तांता लगा हुआ था।

खट्टर ने नरवाल परिवार से मुलाकात के बाद पत्रकारों से बातचीत में आतंकी हमले की घटना की कड़ी निंदा करते हुए कहा, “आज दुनिया के देश इस मामले में आतंकवाद के खिलाफ हमारे साथ खड़े हैं और भारत आतंकवाद को दबाने और इन घटनाओं का बदला लेने के लिए जो भी जरूरी होगा, वह जरूर करेगा।”

यह पूछने पर कि पाकिस्तान और आतंकी घटनाओं में लिप्त लोगों के लिए वह क्या संदेश देना चाहते हैं तो कुमार ने कहा, “यह मेरे देश से जुड़ा मामला है और सरकार अपना काम कर रही है।”

खट्टर ने कहा कि वह आतंकी हमले की कड़ी निंदा करते हैं।

केंद्रीय मंत्री ने आतंकी हमले को ‘शर्मनाक’ बताया। उन्होंने कहा, “यह बेहद दुख की बात है कि हमने अपने बहादुर अधिकारी को खो दिया। इस घटना ने हम सभी को दुखी कर दिया है।”

भाषा जितेंद्र प्रशांत

प्रशांत


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