बिहार, उप्र के सीमावर्ती इलाकों में बाढ़ की आशंका के मद्देनजर ‘हाई अलर्ट’ पर एनडीआरएफ

बिहार, उप्र के सीमावर्ती इलाकों में बाढ़ की आशंका के मद्देनजर ‘हाई अलर्ट’ पर एनडीआरएफ

बिहार, उप्र के सीमावर्ती इलाकों में बाढ़ की आशंका के मद्देनजर ‘हाई अलर्ट’ पर एनडीआरएफ
Modified Date: August 26, 2026 / 08:12 pm IST
Published Date: August 26, 2026 8:12 pm IST

नयी दिल्ली, 26 अगस्त (भाषा) राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) ने बुधवार को कहा कि नेपाल में अचानक आई बाढ़ के कारण गंडक नदी का जलस्तर बढ़ने और बिहार तथा उत्तर प्रदेश के सीमावर्ती इलाकों में बाढ़ आने की आशंका के मद्देनजर वह ‘‘हाई अलर्ट’’ पर है।

एनडीआरएफ ने शाम साढ़े छह बजे जारी अद्यतन बयान में बताया कि वह स्थिति पर ‘‘करीबी नजर’’ रख रहा है और बिहार एवं उत्तर प्रदेश में बाढ़ से बचाव कार्यों के लिए 20 टीम तैनात की गई हैं।

उसने बताया कि केंद्रीय जल आयोग (सीडब्ल्यूसी) की ओर से जारी परामर्श और मीडिया की खबरों के अनुसार, नेपाल-चीन सीमा के पास संभवत: हिमनद झील फटने से आई बाढ़ (जीएलओएफ) के कारण भारतीय सीमा से करीब 160 किलोमीटर दूर नेपाल के फुर्के खोला में त्रिशूली नदी का जलस्तर अचानक बढ़ गया है।

बल ने कहा, ‘‘बाढ़ का पानी नीचे की ओर गंडक नदी में बढ़ने की आशंका है। गंडक नदी के किनारे भारत-नेपाल सीमा के पास बिहार और उत्तर प्रदेश के स्थानीय प्रशासन को सतर्क रहने और स्थिति पर करीबी नजर बनाए रखने की सलाह दी गई है।’’

उसने कहा कि नेपाल में अचानक आई बाढ़ के कारण गंडक नदी में बाढ़ की आशंका को देखते हुए एनडीआरएफ ‘हाई अलर्ट’ पर है।

बयान में बताया गया कि एनडीआरएफ ने पश्चिम चंपारण समेत बिहार में नौ टीम तथा कुशीनगर समेत उत्तर प्रदेश में 11 टीम तैनात की हैं। गंडक नदी के करीब होने के कारण कुशीनगर के बाढ़ से प्रभावित होने की आशंका है।

उसने कहा, ‘‘एनडीआरएफ बिहार और उत्तर प्रदेश सरकारों तथा केंद्रीय जल आयोग के साथ करीबी समन्वय बनाकर स्थिति पर नजर रख रहा है। अतिरिक्त दलों को भी तैयार रखा गया है ताकि किसी अप्रत्याशित स्थिति में जरूरत पड़ने पर उसे तैनात किया जा सके।’’

अधिकारियों ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया कि एनडीआरएफ के बचावकर्मियों की कुछ टीम को भी तैयार रखा गया है ताकि नेपाल सरकार द्वारा भारत से मदद मांगे जाने पर गाजियाबाद स्थित भारतीय वायु सेना (आईएएफ) स्टेशन से उन्हें विमान के जरिए नेपाल भेजा जा सके।

भाषा सिम्मी नरेश

नरेश


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