प्रधानमंत्री एससी/एसटी कानून के तहत दोषियों पर प्राथमिकी दर्ज कराएं: प्रियंका गांधी

प्रधानमंत्री एससी/एसटी कानून के तहत दोषियों पर प्राथमिकी दर्ज कराएं: प्रियंका गांधी

प्रधानमंत्री एससी/एसटी कानून के तहत दोषियों पर प्राथमिकी दर्ज कराएं: प्रियंका गांधी
Modified Date: August 30, 2026 / 02:42 pm IST
Published Date: August 30, 2026 2:42 pm IST

नयी दिल्ली, 30 अगस्त (भाषा) कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाद्रा ने रविवार को भाजपा पर हमला तेज करते हुए कहा कि अगर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी वास्तव में संविधान का सम्मान करते हैं तो उन्हें यह सुनिश्चित करना चाहिए कि उत्तराखंड के हल्द्वानी में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की रैली वाले स्थान पर ‘शुद्धिकरण’ करने वालों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की जाए।

प्रियंका गांधी ने कहा कि प्रधानमंत्री को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि इस महीने की शुरुआत में किए गए ‘शुद्धिकरण’ में शामिल लोगों के खिलाफ अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति (एससी/एसटी) कानून के तहत कार्रवाई की जाए।

कांग्रेस महासचिव ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने हल्द्वानी में एक रैली को संबोधित किया था, जिसके बाद भाजपा-आरएसएस से जुड़े लोगों ने उनके मंच का ‘शुद्धिकरण’ किया। यह ‘शुद्धिकरण’ न केवल निंदनीय और शर्मनाक मानसिकता का प्रतीक है, बल्कि हमारे संविधान और एससी/एसटी कानून का गंभीर उल्लंघन और अपराध है।’’

प्रियंका गांधी ने कहा कि घटना को 20 दिन बीत चुके हैं, लेकिन प्रधानमंत्री और उनकी सरकार की ओर से कोई कार्रवाई नहीं की गई। उन्होंने सवाल किया कि इसका कारण क्या है।

उन्होंने कहा, ‘‘अगर प्रधानमंत्री मोदी वास्तव में हमारे देश के संविधान का सम्मान करते हैं तो उन्हें यह सुनिश्चित करना चाहिए कि उत्तराखंड में यह अपराध करने वालों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज हो और एससी/एसटी कानून के तहत कार्रवाई की जाए।’’

कांग्रेस नेता ने लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी की प्रेस वार्ता का वीडियो भी साझा किया, जिसमें उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी से हल्द्वानी में खरगे की रैली के स्थल पर ‘शुद्धिकरण’ करने वालों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराने की मांग की थी। राहुल गांधी ने कहा था कि संविधान के अनुसार यह एक अपराध है।

राहुल गांधी ने शनिवार को कांग्रेस मुख्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता में कहा था कि यह घटना छुआछूत के समान है। उन्होंने इसके लिए ‘‘भाजपा-आरएसएस की मानसिकता’’ को जिम्मेदार ठहराते हुए दोषियों के खिलाफ एससी/एसटी कानून के तहत मामला दर्ज करने की मांग की थी। उन्होंने यह भी आरोप लगाया था कि घटना के 20 दिन बाद भी कोई कार्रवाई नहीं हुई है।

उन्होंने कहा, ‘‘हम कांग्रेस अध्यक्ष के लिए न्याय की मांग कर रहे हैं। यह केंद्र और राज्य सरकारों का दायित्व है कि खरगे जी को न्याय मिले।’’

कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष ने आरोप लगाया था कि भाजपा की उत्तराखंड इकाई के अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने ‘शुद्धिकरण’ का बचाव किया और प्रधानमंत्री इस मामले पर चुप रहे।

गांधी ने कहा, ‘‘हम मांग करते हैं कि ऐसा करने वालों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की जाए। प्रधानमंत्री मोदी कहते हैं कि वह हर जाति से जुड़े हैं और पूरे देश के प्रधानमंत्री हैं, लेकिन उनकी पार्टी के उत्तराखंड अध्यक्ष ‘शुद्धिकरण’ का बचाव कर रहे हैं।’’

भाषा शोभना वैभव

वैभव


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