संजीव अरोड़ा के घर छापेमारी से आम आदमी पार्टी के खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोप उजागर हुए: बाजवा

संजीव अरोड़ा के घर छापेमारी से आम आदमी पार्टी के खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोप उजागर हुए: बाजवा

संजीव अरोड़ा के घर छापेमारी से आम आदमी पार्टी के खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोप उजागर हुए: बाजवा
Modified Date: May 9, 2026 / 09:35 pm IST
Published Date: May 9, 2026 9:35 pm IST

चंडीगढ़, नौ मई (भाषा) पंजाब विधानसभा में विपक्ष के नेता प्रताप सिंह बाजवा ने शनिवार को कहा कि आम आदमी पार्टी के मंत्री संजीव अरोड़ा के घर पर ईडी की छापेमारी और उनकी गिरफ्तारी ने एक बार फिर सत्तारूढ़ पार्टी के खिलाफ भ्रष्टाचार के गंभीर आरोपों को उजागर किया है।

बाजवा ने प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की कार्रवाई के समय पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि अगर पर्याप्त सबूत थे तो पहले ही कदम उठाए जाने चाहिए थे। उन्होंने कहा कि देरी से की गई कार्रवाई से केंद्रीय एजेंसियों के इस्तेमाल में निष्पक्षता को लेकर चिंताएं पैदा होती हैं।

विपक्ष के नेता ने पंजाब सरकार और केंद्र सरकार दोनों से पारदर्शिता और जवाबदेही की मांग करते हुए कहा कि न्याय निष्पक्ष रूप से सुनिश्चित किया जाना चाहिए।

बाजवा ने दावा किया कि आम आदमी पार्टी के कई वरिष्ठ नेताओं और राज्य सरकार के करीबी व्यक्तियों को जांच का सामना करना पड़ा है।

उन्होंने आरोप लगाया कि हालांकि पंजाब की जनता को ईमानदार शासन का वादा किया गया था, लेकिन भ्रष्टाचार के मुद्दे लगातार सामने आते रहते हैं।

कांग्रेस नेता ने कहा कि आम आदमी पार्टी के नेता अक्सर आरोपों का जवाब देने के बजाय ऐसी कार्रवाइयों को राजनीतिक प्रतिशोध करार देते हैं और पूछा कि आप के वरिष्ठ नेता अक्सर जांच के दायरे में क्यों आते हैं।

उन्होंने मुख्यमंत्री भगवंत मान और आम आदमी पार्टी के नेतृत्व से इस मामले पर स्पष्ट जवाब मांगा।

प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने शनिवार को पंजाब के उद्योग मंत्री संजीव अरोड़ा को गिरफ्तार किया। यह कार्रवाई मंत्री और उनसे कथित रूप से जुड़ी कुछ संस्थाओं के खिलाफ दर्ज धनशोधन के नए मामले में की गई।

अधिकारियों ने बताया कि संजीव अरोड़ा को धनशोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) के तहत हिरासत में लिया गया। इससे पहले शनिवार सुबह से चंडीगढ़ स्थित अरोड़ा के सरकारी आवास पर छापेमारी की गई थी।

आम आदमी पार्टी के प्रमुख अरविंद केजरीवाल और पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने ईडी की कार्रवाई की निंदा करते हुए केंद्र पर विपक्षी नेताओं को डराकर भाजपा में शामिल होने के लिए मजबूर करने के लिए ईडी और सीबीआई जैसी एजेंसियों को “हथियार” के रूप में इस्तेमाल करने का आरोप लगाया।

भाषा

शुभम प्रशांत

प्रशांत


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