जामिया प्रशासन के आरएसएस से जुड़े कार्यक्रम को ‘बढ़ावा’ देने पर एसएफआई ने की आलोचना

जामिया प्रशासन के आरएसएस से जुड़े कार्यक्रम को 'बढ़ावा' देने पर एसएफआई ने की आलोचना

जामिया प्रशासन के आरएसएस से जुड़े कार्यक्रम को ‘बढ़ावा’ देने पर एसएफआई ने की आलोचना
Modified Date: May 26, 2026 / 01:12 am IST
Published Date: May 26, 2026 1:12 am IST

नयी दिल्ली, 25 मई (भाषा) जामिया मिल्लिया इस्लामिया (जेएमआई) की स्टूडेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (एसएफआई) इकाई ने सोमवार को विश्वविद्यालय प्रशासन की कथित तौर पर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) से जुड़े एक सांस्कृतिक कार्यक्रम में सहभागिता के लिए आलोचना की।

छात्र संगठन का दावा है कि यह कदम विश्वविद्यालय के धर्मनिरपेक्ष और लोकतांत्रिक आदर्शों के खिलाफ है।

एक प्रेस विज्ञप्ति में, जेएमआई की एसएफआई इकाई ने रविवार को आयोजित ‘जनजाति सांस्कृतिक समागम’ के लिए विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा ‘स्वागत द्वार’ लगाए जाने की कड़ी निंदा की और आरोप लगाया कि इस कार्यक्रम को आरएसएस का समर्थन प्राप्त था।

छात्र संगठन ने दावा किया कि यह आयोजन ‘कोई निष्पक्ष सांस्कृतिक कार्यक्रम नहीं’ था, बल्कि आदिवासी पहचान का ‘सांप्रदायीकरण और उस पर कब्जा करने’ के उद्देश्य से तैयार किए गए एक बड़े राजनीतिक एजेंडा का हिस्सा था।

इन आरोपों पर जामिया प्रशासन की ओर से फिलहाल कोई तत्काल प्रतिक्रिया नहीं आई है।

इससे कुछ ही हफ्ते पहले भी एसएफआई ने विश्वविद्यालय परिसर में आयोजित आरएसएस के एक कार्यक्रम का भी विरोध किया था।

भाषा सुमित सुरेश

सुरेश


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