सिंगापुर निवासी भारतीय 10 करोड़ रुपये के अंतरराष्ट्रीय व्यापार घोटाले में गिरफ्तार

सिंगापुर निवासी भारतीय 10 करोड़ रुपये के अंतरराष्ट्रीय व्यापार घोटाले में गिरफ्तार

सिंगापुर निवासी भारतीय 10 करोड़ रुपये के अंतरराष्ट्रीय व्यापार घोटाले में गिरफ्तार
Modified Date: May 1, 2025 / 08:42 pm IST
Published Date: May 1, 2025 8:42 pm IST

नयी दिल्ली, एक मई (भाषा) दिल्ली पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) ने अंतरराष्ट्रीय व्यापार धोखाधड़ी के एक मामले में सिंगापुर के एक नागरिक को गिरफ्तार किया है। 10 करोड़ रुपये की अंतराष्ट्रीय व्यापार धोखाखड़ी को फर्जी शिपिंग दस्तावेज के जरिेये अंजाम दिया गया। एक अधिकारी ने बृहस्पतिवार को यह जानकारी दी।

आरोपी की पहचान मुकेश गुप्ता (67) के रूप में हुई है, जोकि एक निजी कंपनी के प्रबंध निदेशक हैं। गुप्ता को 22 अप्रैल को गिरफ्तार किया गया। यह गिरफ्तारी दिल्ली स्थित एक कंपनी की शिकायत पर की गई, जिसमें कहा गया था कि गुप्ता ने उन्हें लकड़ी के आयात सौदे में धोखा दिया।

पुलिस ने एक बयान में शिकायत के हवाले से बताया कि दिल्ली की एक कंपनी ने गुप्ता की कंपनी के साथ न्यूजीलैंड से लकड़ी आयात करने का समझौता किया था और भुगतान ऋणपत्र के माध्यम से किया गया था। लेकिन उन्हें आपूर्ति नहीं की गई।

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पुलिस के बयान के अनुसार, जांच में पाया गया कि गुप्ता ने सिंगापुर स्थित एक बैंक को फर्जी बिल ऑफ लैडिंग (बीएल) और शिपिंग दस्तावेज सौंपे थे, जिसे बाद में दिल्ली के कनॉट प्लेस स्थित बैंक को भेजा गया। इन फर्जी दस्तावेज के आधार पर बैंक ने लगभग 10 करोड़ रुपये की राशि जारी कर दी, जबकि वास्तव में कोई माल भेजा ही नहीं गया था।

टीमों ने ‘शिपमेंट’ एजेंसियों से दस्तावेज की पुष्टि की, जिनमें से सभी ने ऐसे किसी शिपमेंट से इनकार किया। इसमें कहा गया है कि दस्तावेज में जिस जहाज का नाम है, वह भारत में ऐसी कोई खेप लेकर नहीं आया था जिससे पुष्टि होती है कि बीएल पूरी तरह से फर्जी थे।

पुलिस ने बैंक शाखा से फर्जी दस्तावेज जब्त किए, जो इस मामले में महत्वपूर्ण साक्ष्य हैं।

बयान के अनुसार, गुप्ता स्वास्थ्य संबंधी कारणों का हवाला देकर जांच से बचते रहे, लेकिन बाद में पूछताछ में शामिल हुए और उन्हें हिरासत में लिया गया।

गुप्ता को 29 अप्रैल को एक दिन की पुलिस हिरासत में भेजा गया था। पूछताछ के दौरान उन्होंने टालमटोल और भ्रामक जवाब दिए जिसके बाद उन्हें 14 मई तक न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।

बयान के अनुसार, ईओडब्ल्यू ने कूटनीतिक प्रोटोकॉल के तहत सिंगापुर के उच्चायोग को गुप्ता की गिरफ्तारी की औपचारिक सूचना दे दी है। मामले की आगे की जांच जारी है।

भाषा राखी पवनेश

पवनेश


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