श्रीक्षेत्र धर्मस्थल ने बेलथांगडी अदालत में वकालतनामा दाखिल किया

श्रीक्षेत्र धर्मस्थल ने बेलथांगडी अदालत में वकालतनामा दाखिल किया

श्रीक्षेत्र धर्मस्थल ने बेलथांगडी अदालत में वकालतनामा दाखिल किया
Modified Date: January 1, 2026 / 07:36 pm IST
Published Date: January 1, 2026 7:36 pm IST

मंगलुरु (कर्नाटक), एक जनवरी (भाषा) सामूहिक कब्रगाह मामले को लेकर सुर्खियों में रहे श्रीक्षेत्र धर्मस्थल प्रशासन ने अपना पक्ष रखने के लिए बृहस्पतिवार को बेलथांगड़ी अदालत में एक वकालतनामा दाखिल किया। एक वरिष्ठ अधिवक्ता के जरिये दाखिल वकालतनामा में अनुरोध किया गया है कि इस मामले में मंदिर प्रशासन के अधिकार को सुना जाए।

विशेष जांच टीम (एसआईटी) की जांच के बाद यह मामला फिलहाल न्यायिक जांच के अधीन है। श्रीक्षेत्र धर्मस्थल की ओर से पेश अधिवक्ताओं ने दलील दी कि इस मामले से मंदिर की प्रतिष्ठा धूमिल हुई है।

उन्होंने कहा कि इस मुद्दे को लेकर लगाए गए कुछ आरोपों से लोगों में भ्रम की स्थिति पैदा हुई। उन्होंने कहा कि मंदिर प्रशासन ने जांच एजेंसियों का निरंतर सहयोग किया और वह कानून के शासन के लिए प्रतिबद्ध है।

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पिछले कुछ वर्षों से धर्मस्थल जबरदस्त राजनीतिक और वैचारिक बहस का केंद्र रहा है। मंदिर के अधिकारियों और समर्थकों का आरोप है कि वामपंथी संगठनों ने बिना ठोस साक्ष्य के हत्या और यौन उत्पीड़न के आरोप लगाकर संस्थान की छवि खराब की है। इस तरह के दावे राजनीति से प्रेरित थे और एक शताब्दी पुराने इस धार्मिक संस्थान की छवि खराब करने के उद्देश्य से किए गए थे।

मंदिर प्रबंधन ने बार-बार यह बात कही है कि विभिन्न जांच में ये आरोप निराधार पाए गए और भ्रामक अभियानों से मंदिर के प्रति लोगों की धारणा को अपूरणीय क्षति हुई।

विधि विशेषज्ञों का मानना है कि वकालतनामा दाखिल करना, न्यायिक साधनों से मंदिर की संस्थागत प्रतिष्ठा की रक्षा करने के इसके इरादे का पता चलता है।

यह मामला धर्मस्थल गांव में वर्ष 2017 और 2019 के बीच पोस्टमार्टम समेत आवश्यक कानूनी प्रक्रियाओं के बगैर कथित तौर पर कई अज्ञात शवों को दफनाए जाने से जुड़ा है। यह स्थान प्रसिद्ध धर्मस्थल मंजूनाथ मंदिर के लिए विख्यात है।

भाषा सं राजेंद्र जितेंद्र सुरेश

सुरेश


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