सुधाकरन ने बुद्धिजीवियों को राजनीतिक दलों के ‘तलवे चाटने वाला’ बताया

सुधाकरन ने बुद्धिजीवियों को राजनीतिक दलों के 'तलवे चाटने वाला' बताया

सुधाकरन ने बुद्धिजीवियों को राजनीतिक दलों के ‘तलवे चाटने वाला’ बताया
Modified Date: June 2, 2026 / 05:28 pm IST
Published Date: June 2, 2026 5:28 pm IST

तिरुवनंतपुरम, दो जून (भाषा) अंबलपुझा विधानसभा सीट से संयुक्त लोकतांत्रिक मोर्चा (यूडीएफ) के समर्थन से जीत दर्ज करने वाले मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) के पूर्व नेता जी सुधाकरन ने मंगलवार को आरोप लगाया कि राज्य के अधिकतर बुद्धिजीवी राजनीतिक दलों के ‘तलवे चाटने वाले’ हैं और मादक पदार्थों का दुरुपयोग राज्य के युवाओं के एक वर्ग को ‘बर्बाद’ कर रहा है।

राज्य विधानसभा में राज्यपाल के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा में भाग लेते हुए सुधाकरन ने कहा कि केरल के सांस्कृतिक क्षेत्र का स्तर गिर रहा है।

उन्होंने आरोप लगाया, “अधिकतर बुद्धिजीवी राजनीतिक दलों के तलवे चाटने वाले हैं और अपने लिए कुछ न कुछ हासिल करने की कोशिश में लगे रहते हैं। युवा पीढ़ी का एक हिस्सा गांजा और चरस के सेवन से बर्बाद हो रहा है।”

इससे पहले, जब सत्तारूढ़ यूडीएफ मोर्चे के सदस्यों ने उनके भाषण के कुछ अंशों पर तालियां बजाईं, तो सुधाकरन ने उन्हें याद दिलाया कि वह एक निर्दलीय विधायक हैं और तालियां बटोरने के लिए नहीं बोल रहे हैं।

अंबलपुझा के विधायक ने कहा, “मैं ये बातें तालियां बटोरने के लिए नहीं कह रहा हूं। मैं एक निर्दलीय विधायक हूं।”

लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) के मंत्री रहे सुधाकरन ने नौ अप्रैल को हुए विधानसभा चुनाव से पहले माकपा छोड़ दी थी और अंबलपुझा निर्वाचन क्षेत्र से यूडीएफ समर्थित निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में चुनाव लड़ा और जीत हासिल की।

भाषा सुमित माधव

माधव


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