प्रधान न्यायाधीश ने एससीएलएससी की अध्यक्ष के रूप में न्यायमूर्ति बी.वी. नागरत्ना को नामित किया

प्रधान न्यायाधीश ने एससीएलएससी की अध्यक्ष के रूप में न्यायमूर्ति बी.वी. नागरत्ना को नामित किया

प्रधान न्यायाधीश ने एससीएलएससी की अध्यक्ष के रूप में न्यायमूर्ति बी.वी. नागरत्ना को नामित किया
Modified Date: July 2, 2026 / 06:20 pm IST
Published Date: July 2, 2026 6:20 pm IST

नयी दिल्ली, दो जुलाई (भाषा) भारत के प्रधान न्यायाधीश सूर्यकांत ने 29 जून से प्रभावी उच्चतम न्यायालय विधिक सेवा समिति (एससीएलएससी) की अध्यक्ष के रूप में न्यायमूर्ति बी.वी. नागरत्ना को नामित किया है।

राजपत्र में प्रकाशित अधिसूचना के अनुसार, ‘‘विधिक सेवा प्राधिकरण अधिनियम, 1987 की धारा 3ए के तहत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए भारत के माननीय प्रधान न्यायाधीश ने 29 जून, 2026 से प्रभावी भारत के उच्चतम न्यायालय की न्यायाधीश माननीय श्रीमती न्यायमूर्ति बी.वी नागरत्ना को उच्चतम न्यायालय विधिक सेवा समिति की अध्यक्ष के रूप में नामित किया है…।’’

न्यायमूर्ति बी.वी. नागरत्ना ने न्यायमूर्ति जे.के. माहेश्वरी का स्थान लिया है, जो 28 जून को सेवानिवृत्त हुए।

न्यायमूर्ति माहेश्वरी 24 नवंबर, 2025 से उच्चतम न्यायालय विधिक सेवा समिति (एससीएलएससी) के अध्यक्ष थे।

उच्चतम न्यायालय की दूसरी सबसे वरिष्ठ न्यायाधीश नागरत्ना सितंबर 2027 में भारत की पहली महिला मुख्य न्यायाधीश बनने वाली हैं।

भाषा

राखी नरेश

नरेश


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