मनाली में हिमपात की वजह से फंसे पर्यटक; वाहनों की लंबी कतार

मनाली में हिमपात की वजह से फंसे पर्यटक; वाहनों की लंबी कतार

मनाली में हिमपात की वजह से फंसे पर्यटक; वाहनों की लंबी कतार
Modified Date: January 26, 2026 / 09:45 pm IST
Published Date: January 26, 2026 9:45 pm IST

शिमला, 26 जनवरी (भाषा) हिमाचल प्रदेश में भारी हिमपात के कारण लोकप्रिय पर्यटन स्थल मनाली और आसपास के इलाकों में स्थानीय संपर्क मार्ग अवरुद्ध हो गए हैं, जिससे सैकड़ों पर्यटक फंस गए हैं और आसपास के मार्गों पर वाहनों की लंबी कतारें लग गई हैं। अधिकारियों ने सोमवार को यह जानकारी दी।

अधिकारियों ने बताया कि हालांकि राष्ट्रीय राजमार्ग-3 को सोलंग नाला तक साफ कर दिया गया है, लेकिन सड़क पर केवल हल्के वाहनों को ही चलने की अनुमति दी जा रही है।

इस मार्ग पर बस सेवाएं बाधित हैं और बस मनाली से करीब 16 किलोमीटर दूर पतलीकुहल तक ही चल रही हैं।

हालांकि, रविवार के मुकाबले स्थिति धीरे-धीरे सामान्य हो रही है। रविवार को मनाली में 15 किलोमीटर लंबा यातायात जाम लगा था, जिस दौरान सैकड़ों पर्यटक बर्फ से ढकी सड़कों पर अपना सामान लेकर पैदल चलते देखे गए थे।

अधिकारियों के अनुसार, जो पर्यटक बर्फबारी से पहले मनाली पहुंच गए थे, वे अपने ठहरने के स्थानों तक ही सीमित हैं क्योंकि मुख्य मार्ग बंद हैं।

एक अधिकारी ने कहा, ‘जिला प्रशासन लगातार स्थिति की निगरानी कर रहा है। सभी सड़कों को बहाल करने के प्रयास जारी हैं, हालांकि, यातायात के लिए सड़कों को पूरी तरह साफ करने में थोड़ा और समय लगेगा।’

अधिकारियों के मुताबिक, पतलीकुहल की ओर से मनाली की तरफ केवल चार पहिया वाहनों को ही जाने की अनुमति दी जाएगी, क्योंकि बर्फ के कारण सड़कों पर फिसलन होने की संभावना है।

उन्होंने बताया कि मौसम विभाग ने 27 जनवरी को भारी बर्फबारी का अनुमान जताया है, जिससे पतलीकुहल-मनाली और मणिकरण-भुंतर मार्ग अवरुद्ध हो सकते हैं और ये वाहनों की आवाजाही के लिए असुरक्षित हो सकते हैं।

अधिकारियों ने कहा कि यदि ऐसी स्थिति उत्पन्न होती है, तो कुल्लू और आसपास के इलाकों की ओर जाने वाले यात्रियों को वैकल्पिक मार्गों का उपयोग करने की सलाह दी जाती है।

पुलिस ने लोगों को मौसम की स्थिति में सुधार होने तक अनावश्यक यात्रा से बचने और अधिक ऊंचाई वाले क्षेत्रों या नदियों, नालों और हिमस्खलन संभावित क्षेत्रों के पास न जाने की सलाह दी है।

भाषा

नोमान नेत्रपाल

नेत्रपाल


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