‘हर घर तिरंगा’ अभियान के तहत 20 करोड़ घरों पर फहराया जाएगा तिरंगा : सरकार

'हर घर तिरंगा' अभियान के तहत 20 करोड़ घरों पर फहराया जाएगा तिरंगा : सरकार

‘हर घर तिरंगा’ अभियान के तहत 20 करोड़ घरों पर फहराया जाएगा तिरंगा : सरकार
Modified Date: November 29, 2022 / 08:34 pm IST
Published Date: July 18, 2022 12:47 am IST

नयी दिल्ली, 17 जुलाई (भाषा) केंद्र सरकार के ‘हर घर तिरंगा’ अभियान के तहत अगले महीने तीन दिनों तक देश भर में 20 करोड़ से अधिक घरों पर तिरंगा फहराया जाएगा। एक आधिकारिक बयान में यह जानकारी दी गयी।

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने रविवार को राज्यों के मुख्यमंत्रियों और केंद्र शासित प्रदेशों के उपराज्यपालों और प्रशासकों के साथ ‘आजादी का अमृत महोत्सव’ के तहत किए जाने वाले अभियान की तैयारियों की समीक्षा की।

बयान में कहा गया कि कार्यक्रम के तहत 13 से 15 अगस्त तक जनभागीदारी से घरों के ऊपर तिरंगा फहराया जाएगा और सरकारी एवं निजी प्रतिष्ठान भी इसमें शामिल होंगे।

बयान के अनुसार, शाह ने कहा कि 22 जुलाई से सभी राज्य सरकारों की वेबसाइट के होमपेज पर राष्ट्रीय ध्वज दिखाई देना चाहिए, जबकि नागरिकों को भी अपने फेसबुक, इंस्टाग्राम, ट्विटर और अन्य सोशल मीडिया अकाउंट पर तिरंगा प्रदर्शित करने के लिए प्रोत्साहित किया जाना चाहिए।

शाह ने कहा कि लोगों को तिरंगे के साथ एक सेल्फी भी लेनी चाहिए और इसे संस्कृति मंत्रालय की वेबसाइट पर अपलोड करना चाहिए।

उन्होंने कहा, ‘आजादी का अमृत महोत्सव’ हर नागरिक के लिए गर्व की बात है और आजादी के पिछले 75 वर्षों के दौरान न केवल भारत की लोकतांत्रिक जड़ें गहरी हुई हैं, बल्कि विकास की दृष्टि से वैश्विक परिप्रेक्ष्य में इसका कद ऊंचा हुआ है।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ‘आजादी का अमृत महोत्सव’ को नए तरीके से मनाने का फैसला किया है और ‘हर घर तिरंगा’ अभियान देशभक्ति की भावना को उच्चतम स्तर तक ले जाएगा।

बयान में कहा गया है कि ‘प्रभात फेरी’ महात्मा गांधी के नेतृत्व में देश के स्वतंत्रता संग्राम का एक बहुत ही महत्वपूर्ण हिस्सा था और इसलिए राजनीतिक दलों, सरकारी संस्थानों, गैर-सरकारी संगठनों और सहकारी समितियों को अपने क्षेत्रों में ‘प्रभात फेरी’ को सफल बनाना चाहिए।

केंद्र सरकार ने तीन तरह के झंडों के उत्पादन की व्यवस्था की है और ये डाकघरों में उपलब्ध होंगे और लोग तिरंगे को ऑनलाइन भी खरीद सकेंगे।

भाषा

फाल्गुनी सुरेश

सुरेश


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