उमरियाः Tiger Attack in Umaria: मध्यप्रदेश के उमरिया जिले में स्थित बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व से लगे पिपरिया गांव में एक बाघ ने 14 साल के बच्चे पर हमला कर दिया है, जिसमें बच्चे की मौत हो गई है। बालक महुआ बीनने के लिए घर से गया हुआ था। इसी दौरान झाड़ियों में छिपकर बैठे बाघ ने उस धावा बोल दिया। बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व प्रबंधन ने मामले की जांच शुरू कर दी है और घटना वाले क्षेत्र में पेट्रोलिंग बढ़ा दी गई है।
Tiger Attack in Umaria: मिली जानकारी के अनुसार पिपरिया गांव का रहने वाला बालक विजय कोल पिता अर्जुन कोल अपने साथी के साथ शनिवार सुबह गांव से सटे जंगल में महुआ बीनने गया था। जंगल में घने झाड़ियों के बीच छिपे बाघ ने अचानक विजय पर हमला कर दिया। बाघ ने बालक को अपने जबड़े में दबोच लिया और जंगल की ओर घसीटते हुए ले गया। घटना की जानकारी मिलते ही गांव में हड़कंप मच गया। ग्रामीणों की भीड़ घटना स्थल की ओर दौड़ी। सूचना मिलते ही बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व प्रबंधन की टीम भी मौके पर पहुंची और बालक की तलाश शुरू की गई। कड़ी मशक्कत के बाद बालक का शव एक नाले में मिला। इस दर्दनाक घटना से पूरे गांव में मातम पसर गया है, वहीं मृतक के परिजन रो-रो कर बेहाल हैं।
बता दें कि पिपरिया गांव के आसपास ये कोई पहली घटना नहीं है, जिसमें बाघ ने किसी का शिकार किया है। इससे पहले भी बाघ ने लोगों को शिकार बनाया है। 23 मार्च को पनपथा बफर परिक्षेत्र में बाघ ने 50 वर्षीय बुजुर्ग की अपना शिकार बनाया था। इसके बाद 2 अप्रैल को पनपथा कोर क्षेत्र में एक महिला की बाघ के हमले से मौत हो चुकी है। महिला भी महुआ बिनने गई थी, बीते कुछ दिनों में बाघ के हमले से यह तीसरी मौत है। यह घटना धमखोर इलाके में हुई है। लगातार हो रही इन घटनाओं से ग्रामीणों दहशत में हैं।

