फडणवीस ने बाढ़ प्रभावित जिलों का दौरा करने के बाद मुआवजे के नियमों में ढील देने का आश्वासन दिया

फडणवीस ने बाढ़ प्रभावित जिलों का दौरा करने के बाद मुआवजे के नियमों में ढील देने का आश्वासन दिया

फडणवीस ने बाढ़ प्रभावित जिलों का दौरा करने के बाद मुआवजे के नियमों में ढील देने का आश्वासन दिया
Modified Date: September 24, 2025 / 07:06 pm IST
Published Date: September 24, 2025 7:06 pm IST

सोलापुर/छत्रपति संभाजीनगर, 24 सितंबर (भाषा) महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने बुधवार को सोलापुर जिले और मराठवाड़ा के लातूर में बाढ़ प्रभावित इलाकों का दौरा किया तथा आश्वासन दिया कि उनकी सरकार विशिष्ट मानदंडों पर ध्यान केंद्रित किए बिना किसानों सहित लोगों को हरसंभव सहायता प्रदान करेगी।

पश्चिमी महाराष्ट्र के सोलापुर में फडणवीस ने माधा तालुका के निमगांव और दरफाल सिना गांवों में हुए नुकसान का निरीक्षण किया। इन गांवों में खड़ी फसलें नष्ट हो गई हैं, कई पशुओं की मौत हो गई, घरों को भी व्यापक नुकसान पहुंचा है।

उन्होंने स्थानीय निवासियों से बातचीत की और उनसे धैर्य बनाए रखने का आग्रह किया तथा आश्वासन दिया कि संकट की इस घड़ी में सरकार उनके साथ मजबूती से खड़ी है।

फडणवीस ने कहा, ‘‘प्रत्येक प्रभावित नागरिक को सरकार से सहायता मिलेगी। राज्य मंत्रिमंडल द्वारा 2,200 करोड़ रुपये से अधिक के राहत पैकेज को पहले ही मंजूरी दी जा चुकी है जबकि आवश्यकता पड़ने पर और सहायता दी जाएगी।’’

उन्होंने जोर देकर कहा कि सरकार मुआवजे के मानदंडों में ढील देगी जबकि सूखा और अत्यधिक वर्षा की स्थिति में सहायता प्रदान करने के लिए अपनाए जाने वाले मानदंडों के तहत सहायता प्रदान करेगी।

उन्होंने कहा कि खेती को हुए नुकसान, क्षतिग्रस्त घरों, खाद्य आपूर्ति, सड़कों, स्कूलों, बिजली के बुनियादी ढांचे आदि को वित्तीय सहायता में शामिल किया जाएगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि पश्चिमी महाराष्ट्र में दारफाल सिना सबसे अधिक प्रभावित गांवों में से एक है जहां बाढ़ के पानी के कारण नदी का मार्ग बदल गया और गांव का बड़ा हिस्सा जलमग्न हो गया है।

बाद में फडणवीस ने मराठवाड़ा क्षेत्र में लातूर जिले के औसा तालुका के बाढ़ प्रभावित उजानी गांव का दौरा किया और प्रभावित लोगों की मदद करने के लिए अपनी सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई। इस क्षेत्र में भी पिछले कुछ दिनों में भारी बारिश हुई है।

उन्होंने किसानों से बातचीत भी की। मुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘मैं आखिरी बार सात साल पहले जलयुक्त शिवार (भाजपा सरकार द्वारा शुरू की गई जल संरक्षण योजना) के काम के लिए गांव आया था। हम सभी मानदंडों को एक तरफ रखकर किसानों की मदद करेंगे। हम मदद प्रदान करने में उन मानदंडों का पालन करेंगे जो हम आमतौर पर सूखे के दौरान करते हैं। सरकार किसानों के साथ-साथ उन लोगों की भी मदद करेगी जिनके घरों को नुकसान पहुंचा है।’’

भाषा यासिर अविनाश

अविनाश


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