मुंबई में भारी बारिश, शिंदे ने बाढ़ रोकने की प्रणाली के काम करने का किया दावा, विपक्ष ने साधा निशाना
मुंबई में भारी बारिश, शिंदे ने बाढ़ रोकने की प्रणाली के काम करने का किया दावा, विपक्ष ने साधा निशाना
(तस्वीर के साथ)
मुंबई, 25 जून (भाषा) मॉनसून पहुंचने के साथ ही मुंबई में पहली भारी बारिश होने से जगह-जगह जलभराव हो गया। वहीं महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने रविवार को कहा कि शहर में जलजमाव रोकने के लिए विकसित की गयी नयी व्यवस्था अच्छी तरह काम कर रही है।
हालांकि विपक्षी दलों ने यह कहते हुए मुख्यमंत्री शिंदे की आलोचना की कि मॉनसून की तैयारी संबंधी उनका दावा पहली ही बारिश में धराशायी हो गया और उनके सभी ‘‘झूठे वादे तथा फोटो में दिखायी गयी तैयारी हवा-हवाई साबित हुई।’’
बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) ने कहा कि अंधेरी सबवे के नजदीक एक नाले से उसने 165 लीटर क्षमता का एक फ्रीज, आलमारी और अन्य अपशिष्ट पदार्थ बरामद किये। उसने कहा कि भारी वर्षा के बाद शनिवार को अंधेरी सबवे को बंद कर दिया गया उसमें जमा पानी पंप से निकालना पड़ा।
अधिकारियों ने रविवार को बताया कि पिछले 24 घंटे में मुंबई और उसके उपनगरों में भारी बारिश हुई जिससे कई जगहों पर जलजमाव हो गया और कुछ मार्गों पर वाहनों की आवाजाही प्रभावित हुई।
दुर्लभ संयोग के तहत दिल्ली, मुंबई दोनों जगह पर मॉनसून रविवार को ही पहुंचा।
आईएमडी के अनुसार, मुंबई में मौसम की जानकारी देने वाली यहां की कोलाबा वेधशाला ने रविवार सुबह साढ़े आठ बजे समाप्त हुए पिछले 24 घंटे में 86 मिलीमीटर बारिश दर्ज की, जबकि उपनगरीय क्षेत्रों में मौसम की जानकारी देने वाले सांताक्रुज मौसम केंद्र ने इसी अवधि में 176.1 मिलीमीटर बारिश दर्ज की।
विभाग ने कहा कि भारी बारिश की वजह से मुंबई में कुछ जगहों पर वाहनों की आवाजाही बाधित हुई। उसने कहा कि मलाड और अंधेरी जैसे इलाकों में जलजमाव से यातायात की गति धीमी पड़ गई।
आईएमडी के एक अधिकारी ने कहा कि मुंबई में और वर्षा होने की उम्मीद है।
मुख्यमंत्री शिंदे ने बाढ़ जैसी स्थिति रोकने के लिए मिलान सबवे के पास निर्मित भूमिगत पानी टैंक के कामकाज की समीक्षा की और कहा कि यह व्यवस्था काम कर रही है।
मिलान सबवे, हिंदमाता और मुंबई में कुछ अन्य जगहों पर हर साल वर्षा के दौरान जलजमाव हो जाता है। बीएमसी ने बाढ़ जैसी स्थिति को रोकने के लिए इन क्षेत्रों में भूमिगत टैंकों का निर्माण किया है।
शिंदे ने पत्रकारों से कहा, ‘‘ मैं मिलान सबवे पर स्थिति की समीक्षा करने के लिए व्यक्तिगत रूप से आया और नयी व्यवस्था ने साबित किया है कि वह काम कर रही है। एक घंटे में 70 मिलीमीटर से अधिक वर्षा हुई, उसके बाद भी, हमने जो व्यवस्था तैयार की, वह कारगर है।’’
उन्होंने कहा, ‘‘ इतनी अधिक वर्षा के बाद भी मिलान सबवे यातायात के लिए खुला रहा। मुबई के अन्य क्षेत्रों में ही ऐसी ही व्यवस्था काम कर रही है।’’
कांग्रेस की मुंबई इकाई अध्यक्ष वर्षा गायकवाड़ ने यह कहते हुए नगर प्रशासन एवं शिंदे के नेतृत्व वाली सरकार की आलोचना की कि मॉनसून संबंधी तैयारियों का दावा पहली ही बारिश में धराशायी हो गया।
शिवसेना (यूबीटी) के नेता आदित्य ठाकरे ने एक खबर ट्वीट की जिसमें मुख्यमंत्री शिंदे ने कथित रूप से कहा है कि जलभराव की शिकायत करने के बजाय लोगों को वर्षा का स्वागत करना चाहिए। ठाकरे ने लिखा, ‘‘ यदि निर्लजता, अक्षमता और भ्रष्टाचार का कोई चेहरा है…. जलभराव और नगर निकाय मशीनरी के चरमराने की शिकायत करने के लिए मुंबई वासियों की आलोचना किया जाना शर्मनाक है। उनके सभी झूठे वादे और मुंबई में फोटो खिंचाने की कवायद टांय-टांय फुस्स हो गयी।’’
भाषा राजकुमार अमित
अमित

Facebook


