महिला आरक्षण तुरंत लागू करें, इसे परिसीमन से न जोड़ें : वर्षा गायकवाड़

महिला आरक्षण तुरंत लागू करें, इसे परिसीमन से न जोड़ें : वर्षा गायकवाड़

महिला आरक्षण तुरंत लागू करें, इसे परिसीमन से न जोड़ें : वर्षा गायकवाड़
Modified Date: April 21, 2026 / 03:28 pm IST
Published Date: April 21, 2026 3:28 pm IST

मुंबई, 21 अप्रैल (भाषा) कांग्रेस की मुंबई इकाई की अध्यक्ष वर्षा गायकवाड़ ने संसद और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं के लिए 33 फीसदी आरक्षण तुरंत लागू करने की मंगलवार को मांग की। उन्होंने कहा कि महिला आरक्षण को परिसीमन से जोड़कर बेवजह लटकाया जा रहा है।

मुंबई उत्तर-मध्य लोकसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करने वाली गायकवाड़ ने कहा, “हमारा स्पष्ट रुख है कि महिलाओं के लिए 33 फीसदी आरक्षण को तुरंत लागू किया जाना चाहिए।”

उन्होंने 2023 में पारित महिला आरक्षण विधेयक का जिक्र करते हुए कहा कि अगर इसे 2024 में लागू किया गया होता, तो आज लोकसभा में लगभग 180 महिला सदस्य होतीं।

गायकवाड़ ने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार महिला विधेयक को लागू करने के बजाय उसे ढाल के रूप में इस्तेमाल कर रही है।

कांग्रेस नेता ने कहा कि महिलाओं की सुरक्षा बढ़ाने के लिए महाराष्ट्र विधानमंडल से पारित शक्ति विधेयक लगभग तीन वर्ष से राष्ट्रपति की मंजूरी का इंतजार कर रहा है। उन्होंने कहा, “इसे तुरंत मंजूरी मिलनी चाहिए।”

मुंबई में स्थानीय जनप्रतिनिधियों को धनराशि के आवंटन में भेदभाव का आरोप लगाते हुए गायकवाड़ ने कहा कि इससे महिला पार्षदों पर भी असर पड़ा है।

उन्होंने सवाल किया, “मुंबई में सत्ताधारी पार्टी के पार्षदों को करोड़ों रुपये की धनराशि दी जाती है, जबकि विपक्षी पार्षदों (जिनमें कई महिलाएं भी शामिल हैं) को उस राशि का केवल एक हिस्सा ही मिलता है, क्या यह महिलाओं के साथ भेदभाव नहीं है?”

महिलाओं के खिलाफ अपराध को लेकर गायकवाड़ ने कहा, “बड़े-बड़े बयान तो दिए जाते हैं, लेकिन असल में कितने ताकतवर लोगों के खिलाफ कार्रवाई हुई है?”

उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने एक आदिवासी महिला को देश की राष्ट्रपति तो बना दिया, लेकिन उन्हें महत्वपूर्ण कार्यक्रमों में आमंत्रित नहीं किया।

गायकवाड़ ने कहा, “33 फीसदी आरक्षण का प्रस्ताव राजीव गांधी लेकर आए थे और हमने हमेशा महिलाओं के प्रतिनिधित्व का समर्थन किया है।”

महिलाओं के लिए आरक्षण लागू करने और लोकसभा सीटों की संख्या बढ़ाकर 816 करने के प्रस्ताव वाला संविधान (131वां संशोधन) विधेयक शुक्रवार को लोकसभा में गिर गया, जिसके बाद भाजपा ने कांग्रेस सहित विपक्षी दलों को निशाना बनाते हुए उन पर महिलाओं को उनके अधिकारों से वंचित करने का आरोप लगाया है।

भाषा पारुल अविनाश

अविनाश

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