मोदी अपने नेताओं से कहें कि विरोधियों के खिलाफ अपमानजनक भाषा का इस्तेमाल न करें: राज ठाकरे

मोदी अपने नेताओं से कहें कि विरोधियों के खिलाफ अपमानजनक भाषा का इस्तेमाल न करें: राज ठाकरे

मोदी अपने नेताओं से कहें कि विरोधियों के खिलाफ अपमानजनक भाषा का इस्तेमाल न करें: राज ठाकरे
Modified Date: August 1, 2026 / 07:02 pm IST
Published Date: August 1, 2026 7:02 pm IST

मुंबई, एक अगस्त (भाषा) महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) के अध्यक्ष राज ठाकरे ने शनिवार को कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेताओं से कहना चाहिए कि वे अपने राजनीतिक विरोधियों के खिलाफ अपमानजनक भाषा का इस्तेमाल न करें।

उन्होंने यह भी पूछा कि दिल्ली में कॉकरोच जनता पार्टी (कॉजपा) के नेतृत्व में हुए प्रदर्शन के दौरान विद्यार्थियों पर पुलिस कार्रवाई का आदेश देने वाले लोग आखिर माफी कब मांगेंगे।

राज ठाकरे ने मनसे की छात्र इकाई महाराष्ट्र नवनिर्माण विद्यार्थी सेना की ओर से आयोजित एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (नीट) प्रश्न पत्र लीक का मुद्दा युवा-नेतृत्व वाले इस आंदोलन की सिर्फ एक चिंगारी था, लेकिन इसे जो व्यापक समर्थन मिला, वह वर्षों से जमा हो रही तमाम शिकायतों और नाराजगी का नतीजा था।

उन्होंने कहा, “प्रदर्शन करने वालों में सभी छात्र नहीं थे, फिर भी वे सड़क पर उतरकर विरोध क्यों कर रहे थे?”

राज ठाकरे ने कहा कि यह युवाओं का आक्रोश है और यह आगे भी जारी रहेगा क्योंकि यह उनके भविष्य का सवाल है।

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शुक्रवार को कहा था कि जंतर-मंतर पर प्रदर्शन के दौरान उनके और उनकी दिवंगत मां के लिए भी अपमानजनक भाषा का इस्तेमाल किया गया।

उन्होंने यह भी कहा था कि ऐसे ‘‘भटके हुए बच्चों’’ को माफ कर उन्हें सही रास्ता दिखाया जाना चाहिए।

राज ठाकरे ने इसी बयान का जिक्र करते हुए कहा, “मैं इससे सहमत हूं। किसी को भी इतनी निम्न स्तर की भाषा का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए। लेकिन उन्हें अपनी ही पार्टी के लोगों से भी यह कहना चाहिए।”

मनसे प्रमुख ने कहा कि भाजपा के लोग महात्मा गांधी, जवाहरलाल नेहरू, इंदिरा गांधी से लेकर ठाकरे परिवार तक, किसी को भी नहीं छोड़ते।

उन्होंने यह भी कहा कि कई अभिनेता मानते हैं कि अपनी बात सार्वजनिक रूप से न रखना ही बेहतर है क्योंकि उन्हें आलोचना का सामना करना पड़ता है।

राज ठाकरे ने कहा, “उन्हें (भाजपा समर्थकों को) भी ऐसा करने से रोका जाना चाहिए। भाजपा ने ही इसकी शुरुआत की थी। जैसा बोओगे, वैसा ही काटोगे।”

उन्होंने कहा कि दूसरों की भी मां होती हैं और उनके बारे में भी अपमानजनक भाषा का इस्तेमाल नहीं किया जाना चाहिए।

राज ठाकरे ने सवाल किया, “देश में पिछले 12 वर्षों से सत्ता में रहने के दौरान भाजपा ने जो कुछ किया, उसके लिए माफी कौन मांगेगा?”

उन्होंने यह भी पूछा, “विद्यार्थियों पर पुलिस कार्रवाई का आदेश देने वाले लोग आखिर माफी कब मांगेंगे?”

भाषा जितेंद्र नेत्रपाल

नेत्रपाल


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