भारत को एशियाई जूनियर मुक्केबाजी में तीन स्वर्ण पदक

भारत को एशियाई जूनियर मुक्केबाजी में तीन स्वर्ण पदक

भारत को एशियाई जूनियर मुक्केबाजी में तीन स्वर्ण पदक
Modified Date: November 29, 2022 / 07:49 pm IST
Published Date: August 29, 2021 9:37 pm IST

नयी दिल्ली, 29 अगस्त (भाषा) रोहित चमोली (48 किग्रा), भरत जून (81 किग्रा से अधिक) और वीशू राठी (लड़कियों के 48 किग्रा) ने रविवार को फाइनल में विपरीत अंदाज में जीत दर्ज की जिससे भारत ने दुबई में खेली जा रही एशियाई जूनियर मुक्केबाजी चैंपियनशिप में तीन स्वर्ण पदक अपनी झोली में डाले।

रोहित ने कड़े फाइनल मुकाबले में मंगोलिया के ओटगोनबयार तुवशिंजया को 3-2 से हराया जबकि जून ने कजाखस्तान के यरदोस शारिपबेक को 5-0 से शिकस्त दी।

लड़कियों की स्पर्धा में वीशू ने उज्बेकिस्तान की बाखतियोरोवा रोबियाखोन पर 5-0 की जीत से स्वर्ण पदक हासिल किया।

चंडीगढ़ के रोहित ने इस प्रतिष्ठित महाद्वीपीय प्रतियोगिता में अपना प्रभावशाली प्रदर्शन जारी रखते हुए जूनियर लड़कों के 48 किग्रा भार वर्ग के फाइनल में सतर्क शुरुआत करने के बाद सटीक आक्रमण से करीबी मुकाबले में अपने मंगोलियाई प्रतिद्वंद्वी पर बढ़त हासिल की जिससे उन्होंने पहला स्थान प्राप्त किया।

जून को दूसरी तरफ अपने प्रतिद्वंद्वी को हराने में कोई दिक्कत नहीं हुई। एक अन्य फाइनल में गौरव सैनी (70 किग्रा) को उज्बेकिस्तान के बोलताइव शवाकातजोन से 0-5 से हार के कारण रजत पदक से संतोष करना पड़ा।

लड़कियों के वर्ग में मुस्कान (46 किग्रा) को रजत पदक से संतोष करना पड़ा, वह उज्बेकिस्तान की गानिएवा गुलसेवर से करीबी मुकाबले में हार गयी।

अब तनु (52 किग्रा), आंचल सैनी (57 किग्रा), निकिता (60 किग्रा), माही राघव (63 किग्रा), रुद्रिका (70 किग्रा), प्रांजल यादव (75 किग्रा), संजना (81 किग्रा) और कीर्ति (+81 किग्रा) रविवार को लड़कियों के वर्ग में फाइनल में चुनौती पेश करेंगी।

भारत जूनियर स्पर्धा में पहले ही छह कांस्य पदक जीत चुका है, जिसमें देविका घोरपड़े (50 किग्रा), आरज़ू (54 किग्रा) और सुप्रिया रावत (66 किग्रा) ने लड़कियों के वर्ग में जबकि आशीष (54 किग्रा), अंशुल (57 किग्रा) और अंकुश (66 किग्रा) ) ने लड़कों के वर्ग में पदक जीते।

पिछली एशियाई जूनियर चैंपियनशिप 2019 में भारत 21 पदक (छह स्वर्ण, नौ रजत और छह कांस्य) के साथ तीसरे स्थान पर रहा था।

जूनियर वर्ग में स्वर्ण पदक विजेताओं को 4,000 डॉलर जबकि रजत और कांस्य पदक विजेताओं को क्रमशः 2,000 डॉलर और 1,000 डॉलर दिए जाएंगे।

सोमवार को होने वाले युवा प्रतियोगिता के फाइनल में भारत के 15 मुक्केबाज स्वर्ण के लिए लड़ेंगे। निवेदिता (48 किग्रा), तमन्ना (50 किग्रा), सिमरन (52 किग्रा), नेहा (54 किग्रा), प्रीति (57 किग्रा), प्रीति दहिया (60 किग्रा), खुशी (63 किग्रा), स्नेहा (66 किग्रा), खुशी (75 किग्रा), तनिशबीर (81 किग्रा) महिला वर्ग में जबकि पुरुषों में विश्वनाथ सुरेश (48 किग्रा), विश्वामित्र चोंगथम (51 किग्रा), जयदीप रावत (71 किग्रा), वंशज (64 किग्रा) और विशाल (80 किग्रा) फाइनल खेलेंगे।

महामारी के कारण लगभग दो वर्षों के अंतराल के बाद आयोजित की जा रही इस चैंपियनशिप ने एशियाई स्तर पर होनहार युवा प्रतिभाओं को बहुत आवश्यक प्रतिस्पर्धी माहौल प्रदान किया है।

यह पहली बार है कि दोनों आयु वर्ग – जूनियर और युवा – चैम्पियनशिप एक साथ आयोजित की जा रही है।

भाषा नमिता पंत

पंत


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