तिरूवनंतपुरम, 27 सितंबर (भाषा) स्टार बल्लेबाज विराट कोहली (नाबाद 139 रन) और कप्तान शुभमन गिल (110 रन) ने 50 ओवर के प्रारूप में अपनी महारत का प्रदर्शन करते हुए शानदार शतक जड़े जिससे भारत ने रविवार को यहां पहले वनडे में वेस्टइंडीज को आठ विकेट से हराकर तीन मैच की श्रृंखला में 1-0 से बढ़त बना ली।
कोहली ने अपनी नाबाद पारी के दौरान 10 चौके और नौ छक्के जड़े। उन्होंने और गिल ने दूसरे विकेट के लिए 150 रन जोड़कर मेजबान टीम को 296 रन का लक्ष्य 41.4 ओवर में दो विकेट पर 300 रन बनाकर हासिल करने में मदद की।
वेस्टइंडीज के लिए भी जस्टिन ग्रीव्स (101 रन) ने शतक जड़ा लेकिन कुलदीप यादव के शानदार चार विकेट के स्पेल से पहले ही यह फीका पड़ गया।
गिल ने अपना 10वां वनडे शतक जड़ा जबकि कोहली ने वेस्टइंडीज के गेंदबाजों को धुनते हुए अपना 55वां शतक और अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में 86वां शतक पूरा किया।
इसके अलावा कोहली वनडे में सचिन तेंदुलकर के बाद 15000 रन बनाने वाले इतिहास के दूसरे बल्लेबाज भी बन गए।
सलामी बल्लेबाज रोहित शर्मा (32 रन) के साथ पहले विकेट के लिए 75 रन बनाने के बाद कोहली के साथ गिल की पारी और निखर गई।
गिल ने 11 रन पर मिले जीवनदान का पूरा फायदा उठाया। स्थानापन्न खिलाड़ी कीमो पॉल ने जेडन सील्स की गेंद पर उनका कैच छोड़ दिया जिसके बाद भारतीय कप्तान ने 49 गेंदों में 50 रन बनाए और अगले 50 रन 47 गेंदों में पूरे किए।
इस दौरान कई खूबसूरत शॉट्स की फेहरिस्त देखने को मिली जिसमें अल्जारी जोसफ की गेंदों पर स्क्वायर कट और कवर के बीच, सील्स की गेंद पर स्क्वायर कट और स्पिनर गुडाकेश मोती के खिलाफ छक्के और चौके शामिल रहे।
वहीं दूसरी ओर, कोहली ने वही किया जो वह इन सभी वर्षों से करते आए हैं। उन्होंने तेज दौड़ लगाकर रन जुटाए और फिर बेहरतीन शॉट्स की झड़ी लगादी।
उनकी पारी में एकमात्र गलत शॉट जोसफ की गेंद पर था जो विकेटकीपर के सिर के ऊपर से छक्के के लिए चला गया।
जल्द ही बेहतरीन स्तर के शॉट्स की बौछार होने लगी और जोसफ को इसका खामियाजा भुगतना पड़ा। उन्होंने लगातार तीन चौके और बाद में मैदान के बीच से एक छक्का लगाकर 40 गेंदों में अपना अर्धशतक पूरा किया।
थके हुए दिख रहे गिल तब आउट हुए जब रोस्टन चेज की गेंद पर स्लॉग स्वीप खेलने की कोशिश में कैच डीप में खड़े ज्वेल एंड्रयू ने लपक लिया।
लेकिन 37 वर्षीय खिलाड़ी कोहली ने जल्द ही केवल 74 गेंद में शतक पूरा कर लिया। इसके बाद ग्रीनफील्ड स्टेडियम कोहली के नारों और प्रशंसा की गूंज से भर गया। दिल्ली के इस खिलाड़ी ने मोती की गेंद पर मिड-विकेट के ऊपर से जोरदार छक्का लगाकर 94 रन से सीधे तीन अंकों का आंकड़ा छुआ।
इससे पहले कुलदीप (40 रन देकर चार विकेट) की शानदार गेंदबाजी से भारत ने ग्रीव्स के शतक के बावजूद वेस्टइंडीज को सात विकेट पर 295 रन ही बनाने दिए।
ग्रीव्स और उनके सलामी जोड़ीदार जॉन कैंपबेल (62 रन, 60 गेंद) ने 19.2 ओवर में 135 रन जोड़े जिससे वेस्टइंडीज बड़ा स्कोर बनाने की स्थिति में दिख रहा था।
लेकिन कुलदीप ने ऐसी पिच पर कुछ जादू बिखेरा जिसने स्पिनरों को थोड़ी मदद दी और विंडीज बल्लेबाजों के रनों की रफ्तार पर लगाम लगा दी।
बाएं हाथ के कलाई के स्पिनर कुलदीप ने अपनी चतुराई का भी शानदार परिचय दिया। कैंपबेल को ऑफ-स्टंप के बाहर दो वाइड गेंदों से असमंजस में रखने के बाद कुलदीप ने एक गेंद फुल गेंद डाली और बाएं हाथ के बल्लेबाज का गलत टाइम किया हुआ स्वीप शॉट मिड-ऑन पर प्रसिद्ध कृष्णा के हाथों में चला गया।
भारत के लिए यह बड़ी राहत थी क्योंकि कैंपबेल अच्छी लय में दिख रहे थे। कैंपबेल ने 49 गेंद में अर्धशतक लगाने से पहले रविंद्र जडेजा पर एक चौका और दो छक्के लगाए थे।
कुलदीप ने जल्द ही शाई होप को आउट करके एक और बड़ा झटका दिया। वेस्टइंडीज के कप्तान कुलदीप की लाइन में बदलाव से चकमा खा गए और गेंद को जडेजा के हाथों में उछाल बैठे।
शतकवीर ग्रीव्स और ज्वेल एंड्रयू लगातार गेंदों पर कुलदीप का शिकार बने।
अचानक वेस्टइंडीज का स्कोर एक विकेट पर 176 रन से पांच विकेट पर 198 रन तक पहुंच गया। अमीर जांगू (नाबाद 58 रन) ने छठे विकेट के लिए रोस्टन चेज के साथ 48 रन और सातवें विकेट के लिए मैथ्यू फोर्ड के साथ 38 रन की साझेदारियां करके टीम को 300 के करीब पहुंचाया।
जांगू के पुल शॉट देखने लायक थे जिन्होंने कुछ मौकों पर तेज गेंदबाज प्रसिद्ध की गेंदों को धुना।
ग्रीव्स ने चारों ओर कुछ बेहतरीन शॉट खेले जिससे वेस्टइंडीज ने पहले 20 ओवर के हिस्से में छह रन प्रति ओवर से अधिक की दर से रन बनाए।
दाएं हाथ के बल्लेबाज ने 42 गेंदों में अपना अर्धशतक और बाद में 104 गेंदों में अपना शतक पूरा किया।
भारत को निश्चित रूप से जसप्रीत बुमराह और अर्शदीप सिंह जैसे खिलाड़ियों की कमी महसूस हुई जो एशियाई खेलों के लिए जापान में हैं। वहीं वरुण चक्रवर्ती भी चोट से उबर रहे हैं।
भाषा
नमिता सुधीर
सुधीर