आईपीएल पीढ़ी के टेस्ट क्रिकेट में अच्छा प्रदर्शन करने से हैरान हैं मांजरेकर

आईपीएल पीढ़ी के टेस्ट क्रिकेट में अच्छा प्रदर्शन करने से हैरान हैं मांजरेकर

आईपीएल पीढ़ी के टेस्ट क्रिकेट में अच्छा प्रदर्शन करने से हैरान हैं मांजरेकर
Modified Date: August 20, 2026 / 04:38 pm IST
Published Date: August 20, 2026 4:38 pm IST

नयी दिल्ली, 20 अगस्त (भाषा) भारत के पूर्व बल्लेबाज संजय मांजरेकर ने कहा कि यह उनके लिए हैरान करने वाली बात है कि आईपीएल की पीढ़ी टेस्ट क्रिकेट की जरूरतों से इतनी सहजता से कैसे तालमेल बिठा पा रही है।

उन्होंने आधुनिक युग के खिलाड़ियों के टी20 से टेस्ट क्रिकेट में बदलाव की तुलना पॉप गायकों द्वारा शास्त्रीय राग गाने की कोशिश से की।

दूरदर्शन के ‘द ग्रेट इंडियन क्रिकेट शो’ में बात करते हुए मांजरेकर ने मौजूदा पीढ़ी की काबिलियत पर हैरानी जताई। उन्होंने कहा कि जो खिलाड़ी टी20 क्रिकेट खेलते हुए बड़े हुए हैं, वे लाल गेंद वाले क्रिकेट के लिए जरूरी महत्वपूर्ण तकनीकी बदलाव इतनी आसानी से कर पा रहे हैं।

मांजरेकर ने कहा, ‘‘अगर आधुनिक पॉप गायकों से शास्त्रीय गायन या राग गाने के लिए कहा जाए तो यह उनके लिए बहुत मुश्किल होगा। लेकिन ये खिलाड़ी ऐसा कर रहे हैं। मेरे लिए यह हैरानी की बात है कि आईपीएल और टी20 की पीढ़ी इतना अच्छा टेस्ट क्रिकेट कैसे खेल रही है और वो भी गेंदबाजी करते हुए और रन बनाने दोनों के मामले में। ’’

उन्होंने खास तौर पर आधुनिक बल्लेबाजों की अनुकूलन क्षमता की तारीफ की क्योंकि टी20 और टेस्ट क्रिकेट की जरूरतों में काफी अंतर होता है।

उन्होंने कहा, ‘‘बल्लेबाजी के मामले में ज्यादा क्योंकि टी20 बल्लेबाजी और टेस्ट बल्लेबाजी में बहुत अंतर होता है। ’’

भारत की युवा टीम में कई आईपीएल और टी20 सितारे शामिल हैं जो इस समय श्रीलंका के खिलाफ दो टेस्ट मैच की सीरीज में खेल रहे हैं। ऐसे में मांजरेकर की टिप्पणी आधुनिक क्रिकेटर के बदलते स्वरूप को दर्शाती है जहां खिलाड़ियों से अलग-अलग प्रारूपों के बीच आसानी से ढलने की उम्मीद की जाती है।

टी20 क्रिकेट की आक्रामक गति से टेस्ट क्रिकेट में जरूरी संयम, तकनीक और एकाग्रता की ओर तेजी से बदलाव करने की काबिलियत मौजूदा भारतीय खिलाड़ियों की पीढ़ी की एक प्रमुख विशेषता बन गई है।

भाषा नमिता पंत

पंत


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