पेस और गोपीचंद ने खेल मंत्री के साथ ‘संडेज ऑन साइकिल’ के 56वें चरण में हिस्सा लिया

पेस और गोपीचंद ने खेल मंत्री के साथ ‘संडेज ऑन साइकिल’ के 56वें चरण में हिस्सा लिया

पेस और गोपीचंद ने खेल मंत्री के साथ ‘संडेज ऑन साइकिल’ के 56वें चरण में हिस्सा लिया
Modified Date: January 11, 2026 / 04:35 pm IST
Published Date: January 11, 2026 4:35 pm IST

नयी दिल्ली, 11 जनवरी (भाषा) टेनिस के महान खिलाड़ी लिएंडर पेस और बैडमिंटन के दिग्गज पुलेला गोपीचंद ने रविवार को यहां खेल मंत्री मनसुख मांडविया के साथ ‘संडेज ऑन साइकिल’ पहल के 56वें चरण में भाग लिया जो खेल मंत्रालय की एक फिटनेस पहल है।

फिट इंडिया की जन-फिटनेस मुहिम ‘संडेज ऑन साइकिल’ ने रविवार को राष्ट्रीय राजधानी में वापसी की। सुबह सात बजे छह डिग्री की ठंड को मात देते हुए 1000 से अधिक लोगों ने इस फिटनेस उत्सव में हिस्सा लिया जिसमें देशभर से आए 500 युवा नेता भी शामिल थे। इसके बाद एक साइकिल रैली का आयोजन किया गया।

ये युवा नेता तीन दिवसीय ‘विकसित भारत यंग लीडर्स डायलॉग’ में भाग लेने के लिए यहां आए थे और इन्हें विशेष अतिथि के रूप में कार्यक्रम में शामिल किया गया।

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‘संडेज ऑन साइकिल’ का आयोजन देशभर में 15000 स्थानों पर किया गया। भोपाल में एक विशाल कार्यक्रम आयोजित हुआ जिसमें मध्य प्रदेश के युवा कार्य एवं खेल मंत्री विश्वास कैलाश सारंग ने अभिनेत्री पायल रोहातगी और ओलंपियन जूडो खिलाड़ी गरिमा चौधरी सहित कई प्रतिष्ठित खिलाड़ियों के साथ साइकिल रैली को हरी झंडी दिखाई।

इस मौके पर मांडविया ने कहा, ‘‘स्वस्थ शरीर मजबूत नेतृत्व की नींव होता है। साइकिलिंग हमें नेतृत्व के अहम सबक सिखाती है, यह बताती है कि कब तेज चलना है, कब धीमा होना है और सबसे महत्वपूर्ण, जीवन में आगे बढ़ते रहने के लिए संतुलन कैसे बनाए रखना है। ’’

खेल मंत्री की इस पहल की सराहना करते हुए गोपीचंद ने कहा, ‘‘यह देखना प्रेरणादायक है कि एक मंत्री न सिर्फफिटनेस को रोजमर्रा की जिंदगी का हिस्सा बनाने पर इतना विचार कर रहे हैं, बल्कि पूरे आंदोलन का नेतृत्व कर रहे हैं। एक कठिन सप्ताह के काम के बाद भी रविवार सुबह स्वयं इस कार्यक्रम में भाग लेना, फिट इंडिया के प्रति उनकी प्रतिबद्धता को दर्शाता है। ’’

समुदाय आधारित फिटनेस अभियानों के महत्व पर बोलते हुए पेस ने कहा, ‘‘फिटनेस कोई अकेले नहीं कर सकता। हमें एक-दूसरे को प्रेरित करना होता है और समुदाय का हिस्सा बनना होता है क्योंकि फिटनेस सिर्फ मजबूत शरीर की नहीं, बल्कि स्वस्थ मन की भी होती है, जो ऐसे सामुदायिक कार्यक्रमों में भाग लेने से हासिल होती है। ’’

उन्होंने कहा, ‘‘मैं खेल मंत्री को इतनी अनोखी पहल शुरू करने के लिए बधाई देता हूं। यह सोचकर ही अद्भुत लगता है कि यह कार्यक्रम पूरे देश में एक साथ चल रहा है। ’’

कार्यक्रम के उत्सवपूर्ण माहौल को और बढ़ाते हुए सुबह जुम्बा सत्र, योगाभ्यास और इलेक्ट्रिक मल्लखंब व रस्सी कूद के रोमांचक प्रदर्शन हुए।

फिट इंडिया दूत टिम्सी बेक्टर और दिव्या आहूजा ने भी सर्दियों में फिटनेस को लेकर महत्वपूर्ण सुझाव साझा किए। उन्होंने नियमित व्यायाम और आसान वार्म-अप पर ज़ोर दिया।

भाषा नमिता सुधीर

सुधीर


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