अगर भुवनेश्वर दबाव में अच्छा प्रदर्शन नहीं करते, तो आरसीबी को सफलता नहीं मिलती: फ्लावर

अगर भुवनेश्वर दबाव में अच्छा प्रदर्शन नहीं करते, तो आरसीबी को सफलता नहीं मिलती: फ्लावर

अगर भुवनेश्वर दबाव में अच्छा प्रदर्शन नहीं करते, तो आरसीबी को सफलता नहीं मिलती: फ्लावर
Modified Date: June 1, 2026 / 07:04 pm IST
Published Date: June 1, 2026 7:04 pm IST

मुंबई, एक जून (भाषा) रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (आरसीबी) के मुख्य कोच एंडी फ्लावर ने सोमवार को कहा कि इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के दो सत्र में लगातार दो बार खिताब जीतने में भुवनेश्वर कुमार की दबाव में अच्छा प्रदर्शन करने की काबिलियत काफी अहम रही है।

आरसीबी ने रविवार को आईपीएल 2026 के एकतरफा फाइनल में पांच विकेट से जीत दर्ज करके लगातार दूसरी बार खिताब अपने नाम किया। फ्लावर ने कहा कि 36 साल के इस भारतीय तेज गेंदबाज ने दूसरे अनुभवी सीनियर खिलाड़ियों के साथ मिलकर इस जीत में अहम भूमिका निभाई है।

2025 के सत्र में 17 विकेट लेने के बाद भुवनेश्वर ने आईपीएल 2026 में 28 विकेट लिए जो ‘पर्पल कैप’ जीतने वाले गुजरात टाइटन्स के कागिसो रबाडा से सिर्फ एक विकेट कम थे।

आरसीबी की तरफ से आयोजित प्रेस कांफ्रेंस में फ्लावर ने कहा, ‘‘भुवी पिछले दो सत्र में जबरदस्त रहे हैं। यह कहा जा सकता है कि अगर वह सत्र में बार-बार दबाव में वैसा प्रदर्शन नहीं करते जैसा उन्होंने किया है तो हमें पिछले दो सत्र में बिल्कुल भी सफलता नहीं मिलती। ’’

जिम्बाब्वे के पूर्व कप्तान ने कहा कि आरसीबी को उन खिलाड़ियों से बहुत फायदा हुआ है जिन्होंने अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट और एशेज जैसी बड़ी सीरीज में मुश्किल हालात का सामना किया है।

उन्होंने कहा, ‘‘हम खुशकिस्मत हैं कि हमारे ड्रेसिंग रूम में ऐसे कुछ खिलाड़ी मौजूद हैं। और हम खुशकिस्मत हैं कि वे टीम पर इतने शांत और पॉजिटिव तरीके से असर डाल सकते हैं। ’’

फ्लावर ने कहा, ‘‘हमारे ड्रेसिंग रूम में कुछ ऐसे खिलाड़ी हैं जो उस स्तर का संयम और आत्मविश्वास जगाते हैं। हम विराट (कोहली) के बारे में पहले ही विस्तार से बात कर चुके हैं, लेकिन (जोश) हेजलवुड, भुवी और कृणाल पंड्या जैसे गेंदबाज भी दबाव में शांत रहते हैं। ’’

उन्होंने कहा, ‘‘आईपीएल में दबाव वैसा ही होता है जैसा आप विश्व कप के प्लेऑफ चरण या एशेज मैच में महसूस करते हैं। और ऐसे खिलाड़ियों का होना जिन्होंने पहले भी ऐसा किया है जो मुश्किल हालात से पहले भी गुजरे हैं, उनमें आत्मविश्वास का स्तर उन दूसरे खिलाड़ियों की तुलना में ज्यादा गहरा और मजबूत होता है जिन्हें ऐसे अनुभव नहीं हुए हैं। ’’

भाषा नमिता आनन्द

आनन्द


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