सात्विक-चिराग ने विश्व चैंपियनशिप क्वार्टर फाइनल में मौके गंवाने पर निराशा व्यक्त की

सात्विक-चिराग ने विश्व चैंपियनशिप क्वार्टर फाइनल में मौके गंवाने पर निराशा व्यक्त की

सात्विक-चिराग ने विश्व चैंपियनशिप क्वार्टर फाइनल में मौके गंवाने पर निराशा व्यक्त की
Modified Date: August 21, 2026 / 09:21 pm IST
Published Date: August 21, 2026 9:21 pm IST

नयी दिल्ली, 21 अगस्त (भाषा) भारत के सात्विकसाईराज रंकीरेड्डी और चिराग शेट्टी ने विश्व चैंपियनशिप के क्वार्टर फाइनल में हार के बाद उन मौकों को गंवाने पर निराशा जताई, जिन्हें वे आक्रामक खेल के दौरान अंक में बदल सकते थे।

उन्होंने स्वीकार किया कि मुकाबले में पहले चार शॉट और सर्विस की अहम जंग में वे पिछड़ गए, जिससे उनके पदक जीतने की उम्मीद खत्म हो गई।

विश्व की पांचवें नंबर की भारतीय जोड़ी को क्वार्टर फाइनल में चीन के लियांग वेई केंग और वांग चांग की दुनिया के तीसरे नंबर की जोड़ी के हाथों 18-21, 9-21 से हार का सामना करना पड़ा।

चिराग ने कहा, ‘‘मुझे लगता है कि पहला गेम हारने के बाद उन्होंने दूसरे गेम में काफी ज्यादा आक्रामक होकर वापसी की। ’’

उन्होंने कहा, ‘‘मुझे लगता है कि हम भी ठीक-ठाक खेले। मैं यह नहीं कहूंगा कि हम खराब खेले। लेकिन जिन कई मौकों पर हमें लगा था कि हम अंक हासिल कर लेंगे, वहां हम ऐसा नहीं कर सके क्योंकि वे काफी ठोस खेल खेल रहे थे। ’’

चिराग ने कहा कि डिफेंस में भी भारतीय जोड़ी उन मौकों को भुना नहीं सकी, जहां उन्हें लगा था कि वे रैली खत्म कर सकते हैं।

चिराग ने कहा, ‘‘डिफेंस में भी कई ऐसे अंक थे, जहां हमें लगा था कि हम रैली खत्म कर देंगे, लेकिन हम ऐसा नहीं कर पाए। इसके बाद उन्होंने सिर्फ शॉट वापस नहीं किए, बल्कि उन्हें आक्रमण में बदल दिया। इसलिए यह थोड़ा निराशाजनक लगता है। लेकिन खेल ऐसा ही है।’’

सात्विक ने कहा, ‘‘उन्हें तेज गति से शॉट खेलना पसंद है। पहले चार शॉट में वे काफी अच्छे थे। जो भी पहले चार शॉट को नियंत्रित करता है, वही बढ़त हासिल करता है। पहले गेम में हम पहले चार शॉट पर नियंत्रण बनाए हुए थे। ’’

सात्विक ने कहा कि दूसरे गेम में भारतीय जोड़ी के पास आक्रमण करने के कई मौके थे, लेकिन वे उनका फायदा नहीं उठा सके।

उन्होंने कहा, ‘‘दूसरे गेम में ऐसा नहीं था कि हमें आक्रमण करने के मौके नहीं मिले। हमें कई बार शटल ऊपर मिली, लेकिन हम उतनी अच्छी तरह से अंक खत्म नहीं कर पाए, जितना हम चाहते थे। वे डिफेंस में काफी अच्छा खेल रहे थे और फ्रंट कोर्ट पर भी उनका दबदबा था। ’’

उन्होंने कहा, ‘‘जब भी हमें शटल ऊपर मिली, हमने पहले हल्के ड्रॉप शॉट खेलने और फिर उसे खत्म करने की कोशिश की। लेकिन हम उसे प्रभावी ढंग से अंक में तब्दील नहीं कर पाए। ’’

भाषा

नमिता आनन्द

आनन्द


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