स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंह देव का पूर्व मुख्यमंत्री पर हमला, एफआईआर दर्ज नहीं करना उन्हें सह आरोपी बनाता है

स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंह देव का पूर्व मुख्यमंत्री पर हमला, एफआईआर दर्ज नहीं करना उन्हें सह आरोपी बनाता है

स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंह देव का पूर्व मुख्यमंत्री पर हमला, एफआईआर दर्ज नहीं करना उन्हें सह आरोपी बनाता है
Modified Date: November 29, 2022 / 08:35 pm IST
Published Date: March 30, 2019 8:27 am IST

अंबिकापुर। प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंह देव ने पूर्व मुख्यमंत्री डॉ रमन सिंह पर बड़ा हमला बोला है। स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंह देव ने पूर्व मुख्यमंत्री के दिए गए बयान पर जवाब देते हुए कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री का इस तरीके का बयान ना सिर्फ दुर्भाग्य जनक है बल्कि यदि पूर्व मुख्यमंत्री जानकारी के बाद भी मामले को केंद्र सरकार के संज्ञान में नहीं लाते या इसे लेकर कोई एफ आई आर दर्ज नहीं करते तो उनकी भूमिका भी सह आरोपी के रूप में नजर आती है।
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दरअसल कुछ दिन पूर्व मुख्य मंत्री डॉ रमन सिंह पार्टी कार्यकर्ता सम्मलेन में शामिल होने सरगुजा जिले के सीतापुर पहुचे हुए थे जहा सम्मलेन को संबोधित करते हुए रमन सिंह ने न सिर्फ वर्त्तमान प्रदेश सरकार के कानून व्यवस्था पर सवाल खड़ा किया था बल्कि यह भी आरोप लगाया था कि जिस नक्सलवाद को ख़त्म करने उनकी सरकार ने 15 साल काम किया वो नक्सलवाद फिर से सर उठाने लगा है और सरकार नक्सलियों के साथ मिलकर काम करने की साजिश कर रही है।

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, ऐसे में इस बयान पर आपत्ति जताते हुए मंत्री टीएस सिंह देव ने पूर्व मुख्यमंत्री पर हमला बोला है और आरोप लगाया कि जिसके मुख्य मंत्री के रहते झीरम जैसी नक्सल घटना हुई वो ऐसी बात करे तो दुर्भाग्य जनक है। टीएस ने यह भी कहा कि जब रमन सिंह को इस तरह की जानकारी है तो उन्होंने इसकी शिकायत थाने में क्यों नहीं की और केंद्र में उनकी सरकार है तो वहां सूचित क्यों नहीं किया। यही नहीं टीएस ने तो यहाँ तक कह दिया की अगर रमन जानकारी के बाद भी इस मामले को लेकर शिकायत नहीं करते तो वो भी सह आरोपी है।


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