पुल डूबने से 20 गांव का संपर्क टूटा, ग्रामीण कर रहे मुश्किलों का सामना
पुल डूबने से 20 गांव का संपर्क टूटा, ग्रामीण कर रहे मुश्किलों का सामना
हटा। मध्यप्रदेश में बारिश का कहर जोरों पर है ऐसे में गौरिया नदी पर बना पठा घाट का पुल डूबने से 20 गांव के लोगों को मुश्किलों का सामना करना पड़ता है। ऐसे में गांव वालों के पास एक ही रास्ता बचता है कि वे उफनते पानी में जान जोखिम में डाल कर नाला पार करें।
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दरअसल तेंदूखेड़ा ब्लाक के अजीतपुर के पास गौरिया नदी पर बने पठा घाट पुल पर पानी होने से यंहा के करीब 20 गांव के लोगो का तहसील मुख्यालय से सम्पर्क टूट जाता है।लोग नदी के उस पार कैद हो जाते है।क्योंकि यंहा के ग्रामीणों को आजे जाने के लिये यह एक मात्र सड़क मार्ग है। इस दौरान ग्रामीणों को मजबूरन जान जोखिम में डालकर उफनते नाले को पार करना होता है।
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गौर करने वाली बात ये है कि गौरिया नदी पर बने पुल की ऊंचाई महज 6 से 7 फ़ीट ही है जो बारिश के दिनों में थोड़े से पानी से भर जाता है। आये दिन पुल पर पानी होने से मार्ग अवरुद्ध होता है। तेंदूखेड़ा तहसील मुख्यलय को जोड़ने वाले इस मार्ग पर आवागमन बाधित होने से खमखेड़ा, निबोरा, देवरी, दलपत खेड़ा, जवाहर नगर, मानपुरा,गुंहची सहित करीब 20 गांव के लोगो को परेशानी होती है। इसी प्रकार के पटेरा ,बांदकपुर मार्गो पर बने छोटे पुलों पर जलस्तर बढ़ने से लोग उफनते नाले पार करते हैं।
वेब डेस्क IBC24

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