शिक्षाकर्मियों को बड़ी सौगात, 8 साल की सेवा पूरी करने वालों के संविलियन को कैबिनेट की मंजूरी
शिक्षाकर्मियों को बड़ी सौगात, 8 साल की सेवा पूरी करने वालों के संविलियन को कैबिनेट की मंजूरी
रायपुर। छत्तीसगढ़ सरकार की कैबिनेट की बैठक में शिक्षाकर्मियों को बड़ी और बहुप्रतीक्षित सौगात मिली। मुख्यमंत्री डॉ रमन सिंह की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में संविलियन पर मुहर लगा दी गई। एक जुलाई 2018 को 8 साल की सेवा पूर्ण करने वाले शिक्षाकर्मियों का संविलियन किया जाएगा।
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नया रायपुर स्थित मंत्रालय में सोमवार शाम 5 बजे कैबिनेट की बैठक हुई। बैठक का सबसे बड़ा प्रस्ताव शिक्षाकर्मियों के संविलियन का ही था। हालांकि मुख्यमंत्री डॉ रमन सिंह 10 जून को अंबिकापुर में भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ही मौजूदगी में संविलियन की घोषणा चुके थे। जैसे की खबरें आ रही थीं कि संविलियन क्रमबद्ध किया जाएगा। सरकार ने फैसला लिया है कि पहले चरण में 8 वर्ष की सेवा पूरी कर लेने वाले शिक्षाकर्मियों को मौका मिलेगा। पहले चरण में एक लाख 3 हजार शिक्षाकर्मियों के संविलियन को मंजूरी दी गई है। वेतन में 7 हजार से 12 हजार तक बढ़ोतरी होगी। शिक्षाकर्मी वर्ग-1, वर्ग-2 और वर्ग -3 की वेतन विसंगति, दस साल की सेवा पूरी करने वाले शिक्षाकर्मियों के लिए क्रमोन्नति का प्रावधान, प्राचार्य और प्रधान पाठक बनाने की नीति, तबादला नीति और अनुकंपा नियुक्ति पर भी निर्णय लिया गया है।
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इस साल संविलियन के दायरे में आने वाले शिक्षाकर्मियों को बढ़ा हुआ वेतन देने के लिए सरकार को डेढ़ हजार करोड़ रुपयों की अतिरिक्त जरूरत होगी। इसमें भी दो-तीन महीने लग जाएंगे। वजह यह कि नियमितीकरण के बाद उनके वेतन का कैलकुलेशन किया जाएगा। फिर वरिष्ठता के आधार पर पे रिवीजन और फिक्सेशन के बाद नया वेतन तय होगा। दो जुलाई से शुरू हो रहे विधानसभा के पावस सत्र में सप्लीमेंट्री बजट में इसका प्रावधान किया जाएगा।
वेब डेस्क, IBC24

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