लखनऊ के अलीगंज में तीन मंजिला इमारत में लगी आग, 15 लोगों की मौत की पुष्टि
लखनऊ के अलीगंज में तीन मंजिला इमारत में लगी आग, 15 लोगों की मौत की पुष्टि
(तस्वीरों के साथ)
लखनऊ, 22 जून (भाषा) उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के अलीगंज इलाके में सोमवार को तीन मंजिल की एक व्यावसायिक इमारत में लगी आग में झुलसकर कम से कम 15 लोगों की मौत हो गयी तथा सात अन्य जख्मी हो गये।
किंग जॉर्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय (केजीएमयू) के जनसंपर्क अधिकारी के.के. सिंह ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया कि इस घटना में बचाव दल द्वारा कुल 22 लोगों को केजीएमयू लाया गया जिनमें से 15 को चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया।
उन्होंने बताया कि हादसे में सात अन्य लोग भी घायल हुए हैं, जिनका उपचार किया जा रहा है।
केजीएमयू की कुलपति प्रोफेसर सोनिया नित्यानंद ने ट्रामा सेंटर में संवाददाताओं को बताया कि शवों का पंचनामा करके पोस्टमॉर्टम कराया जा रहा है।
इससे पहले, मौके पर पहुंचे प्रदेश के उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने संवाददाताओं से बातचीत में कहा था कि उन्होंने 14 शव बाहर निकाले जाते देखा था।
बचाव अभियान के दौरान आग में फंसे लोगों को इमारत से बाहर निकाला गया। कुछ लोगों को बॉडी बैग में लाया गया, जबकि कुछ को कंबल में लपेटा गया था और एम्बुलेंस में ले जाते समय वे अचेत थे। इन लोगों के शवों या घायलों को बगल की इमारत की छत से बाहर निकाला गया।
बचाव टीमों ने आग लगने के दौरान प्रभावित इमारत तक पहुंचने के लिए उसमें दो बड़े छेद किए थे।
गृह विभाग के प्रमुख सचिव संजय प्रसाद, पुलिस महानिदेशक राजीव कृष्ण और लखनऊ पुलिस आयुक्त अमरेन्द्र सिंह सेंगर समेत वरिष्ठ अधिकारी बचाव अभियान की निगरानी के लिए मौके पर पहुंचे।
बचाव अभियान में राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) के जवानों को भी तैनात किया गया।
अग्निशमन विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि अलीगंज थाना क्षेत्र के उषा मेहता मार्ग पर स्थित तीन मंजिला वाणिज्यिक इमारत में अपराह्न करीब तीन बजे आग लगने की जानकारी मिली और तत्काल कई दमकल वाहनों और हाइड्रोलिक सीढ़ी वाले वाहन को बचाव अभियान के लिए भेजा गया।
पुरनिया बाजार से चंद कदमों की दूरी पर स्थित यह इमारत अलीगंज के पॉश रिहायशी इलाके में है, जहां कोचिंग सेंटर और कैफे जैसी जगहें हैं। आग लगने के समय इमारत के अंदर मौजूद रहे युवकों और युवतियों के रिश्तेदार बताये जा रहे कुछ लोग घटनास्थल के पास खड़े होकर रोते-बिलखते और अधिकारियों से इमारत के अंदर जाने की गुहार लगाते नजर आये।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ घटना की सूचना मिलने के बाद अपना अलीगढ़ का दौरा बीच में ही छोड़कर लखनऊ लौट आये।
आदित्यनाथ ने पुलिस महानिदेशक और अपर मुख्य सचिव (गृह) को मौके पर जाकर घटना की रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया है। उन्होंने कहा कि इस मामले की तह में जाकर दोषियों को सजा दिलाई जाएगी।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने लखनऊ में हुई इस घटना पर गहरा दुख जताया।
प्रधानमंत्री ने मृतकों के परिजनों को दो-दो लाख रुपये की अनुग्रह राशि और घायलों को 50-50 हजार रुपये की सहायता की भी घोषणा की।
मोदी ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘उत्तर प्रदेश के लखनऊ में आग लगने की घटना में हुई मौतों से बहुत दुख हुआ है। पीड़ित परिवारों के प्रति मेरी संवेदनाएं। घायल लोग जल्द स्वस्थ हों। बचाव कार्य जारी है और अधिकारी हरसंभव मदद पहुंचा रहे हैं।’’
उन्होंने कहा, ‘‘प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष (पीएमएनआरएफ) से मृतकों के परिजनों को दो-दो लाख रुपये की अनुग्रह राशि दी जाएगी। घायलों को 50-50 हजार रुपये दिए जाएंगे।’’
मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर पोस्ट कर भी घटना पर दुख जताया।
उन्होंने लिखा, ”लखनऊ में अग्नि दुर्घटना में हुई जनहानि अत्यंत दुखद एवं हृदय विदारक है। मेरी संवेदनाएं शोकाकुल परिजनों के साथ हैं। प्रभु श्रीराम से प्रार्थना है कि दिवंगत आत्माओं को शांति तथा घायलों को शीघ्र स्वास्थ्य लाभ प्रदान करें।”
भाषा सलीम आनन्द
धीरज
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