हाथरस में धर्मांतरण का आरोप लगाकर दंपति को पहनाई जूतों की माला, पुलिस जांच में जुटी

हाथरस में धर्मांतरण का आरोप लगाकर दंपति को पहनाई जूतों की माला, पुलिस जांच में जुटी

हाथरस में धर्मांतरण का आरोप लगाकर दंपति को पहनाई जूतों की माला, पुलिस जांच में जुटी
Modified Date: April 21, 2026 / 10:21 pm IST
Published Date: April 21, 2026 10:21 pm IST

हाथरस (उप्र), 21 अप्रैल (भाषा) सोशल मीडिया पर एक गांव में एक दंपति को जूतों की माला पहनाये जाने का एक कथित वीडियो सामने आया है। वहीं पुलिस ने मंगलवार को कहा कि यह घटना पारिवारिक जमीन को लेकर हुए विवाद से जुड़ी है और इसमें धर्मांतरण की अफवाह का भी योगदान है।

यह घटना मुरसान पुलिस थाना क्षेत्र अंतर्गत गारव गढ़ी गांव में घटी।

पुलिस के अनुसार गांव निवासी शिवराम का बेटा बलराम (35) आगरा में झूला चलाने का काम करता है। पुलिस के अनुसार उसकी पत्नी मीना और बेटा ललित (13) भी उसके साथ रहते हैं। पुलिस ने बताया कि होली पर बलराम परिवार सहित गांव आया था और तभी से यहीं रह रहा था।

पुलिस के अनुसार परिजनों का आरोप था कि गांव आने के बाद बलराम ने अभिवादन में “राम-राम” कहना और भोग-प्रसाद खाना छोड़ दिया है। पुलिस के अनुसार इसी बात को लेकर पिता शिवराम और भाई ताराचंद्र से उसका विवाद हुआ। पुलिस के अनुसार कहासुनी मारपीट में तब्दील हो गई और मामला बढ़ने पर गांव में पंचायत बुलाई गई।

पुलिस के अनुसार पंचायत में बलराम के पिता शिवराम ने आरोप लगाया कि बलराम ने ईसाई धर्म अपना लिया है और बेटे-बहू के पारिवारिक और सामाजिक बहिष्कार की घोषणा कर दी। पुलिस के अनुसार पंचायत के दौरान जब मीना अपने पति के पक्ष में बोलने आई, तो दोनों को कथित तौर पर अपमानित किया गया और बलराम और मीना दोनों को जूतों की माला पहना दी गई।

सादाबाद के क्षेत्राधिकारी अमित पाठक ने कहा कि धर्म परिवर्तन के आरोप झूठे हैं और पैतृक संपत्ति को लेकर विवाद के चलते ताराचंद्र ने इन्हें फैलाया है। उन्होंने कहा, ‘‘धर्म परिवर्तन का कोई सबूत नहीं है। यह मामला पारिवारिक भूमि विवाद से जुड़ा है।’’

बलराम ने भी कोई अन्य धर्म अपनाने से इनकार किया।

पुलिस ने कहा कि बलराम के भाई ताराचंद के खिलाफ एहतियाती कार्रवाई की गई है और आगे की जांच जारी है।

भाषा सं आनन्द वैभव अमित

अमित


लेखक के बारे में