सहारनपुर में कर्जदार की हत्या की, शव कार में जलाकर ख़ुद की मौत दिखाने की साजिश रची
सहारनपुर में कर्जदार की हत्या की, शव कार में जलाकर ख़ुद की मौत दिखाने की साजिश रची
सहारनपुर (उप्र), एक मार्च (भाषा) सहारनपुर जिले के गागलहेड़ी थाना क्षेत्र में एक व्यक्ति द्वारा कथित तौर पर एक कर्जदार की हत्या कर उसके शव को अपनी कार में जलाकर ख़ुद की मौत की साजिश रचने का मामला सामने आया है। पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने रविवार को यह जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि पुलिस ने मामले में चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) अभिनंदन सिंह ने बताया कि 25 फरवरी को चोरखुर्द गांव के मुखिया ने गागलखेड़ी पुलिस को सूचना दी कि चोरखुर्द और चांदपुर गांवों के बीच सड़क किनारे एक पुलिया के पास एक जली हुई कार खड़ी है, जिसके अंदर एक जला हुआ शव है।
उन्होंने कहा कि पुलिस की एक टीम मौके पर पहुंची और जली हुई नंबर प्लेट और पंजीकरण विवरण के आधार पर वाहन की पहचान की। कार मूल रूप से उत्तराखंड के न्यू टिहरी निवासी के नाम पर पंजीकृत थी। इस वाहन को आखिरी बार 16 फरवरी को अर्जुन कुमार ने खरीदा था।
इसके तुरंत बाद, अर्जुन के भाई विजय सागर और शेरपुर निवासी रॉबिन कुमार ने गागलखेड़ी पुलिस से संपर्क किया और दावा किया कि जली हुई कार अर्जुन की है, जो 24 फरवरी को रॉबिन के साथ घर से निकला था और तब से लापता है। मामला दर्ज किया गया और उप निरीक्षक रामबीर शाक्य ने जांच शुरू की।
एसएसपी ने बताया कि 28 फरवरी को पुलिस ने बड़कला फ्लाईओवर के पास अर्जुन, रॉबिन, शारिक और विजय सागर को गिरफ्तार किया।
पूछताछ के दौरान अर्जुन ने कबूल किया कि 2024 में वह देहरादून के एक ब्यूटी पार्लर में वाहन चालक का काम करता था, जहां एक महिला कर्मचारी ने उसके खिलाफ दलनवाला पुलिस थाने में दुष्कर्म का मामला दर्ज कराया था। अर्जुन ने दावा किया कि उसे लगभग छह महीने जेल हुई थी और मामले की सुनवाई के दौरान उसे आजीवन कारावास का डर था।
अभिनंदन सिंह ने बताया कि सजा से बचने के लिए, अर्जुन ने कथित तौर पर अपनी मौत का नाटक रचा। पुलिस ने बताया कि कोविड-19 लॉकडाउन के दौरान उसने ब्याज पर पैसे उधार दिए थे और मोहम्मदपुर कंधेला गांव के रोहित पर उसका लगभग 1.7 लाख रुपये बकाया था। रोहित द्वारा रकम न चुकाने से नाराज अर्जुन ने कथित तौर पर रॉबिन और शारिक के साथ मिलकर रोहित की हत्या करने और उसके शव को अपना बताकर पेश करने की साजिश रची, जिनसे उसकी मुलाकात जेल में हुई थी।
पुलिस के अनुसार, अर्जुन ने ऑल्टो कार खरीदी और 24 फरवरी को उसने और उसके साथियों ने रोहित को कथित तौर पर नशा कराकर घटनास्थल पर लाया। अर्जुन और शारिक ने कथित तौर पर रोहित का गला मफलर से दबाकर उसकी हत्या कर दी और शव को दुर्घटना का दृश्य दिखाने के लिए ड्राइवर की सीट पर रख दिया। उन्होंने एक पहिये का बोल्ट ढीला किया और छत पर एक छड़ रख दी ताकि यह दुर्घटना लगे, फिर कार में पेट्रोल डालकर आग लगा दी।
इस दौरान अर्जुन मामूली रूप से झुलस गया। इसके बाद आरोपी फरार हो गए। बाद में अर्जुन ने देहरादून में अपने बाल कटवाकर अपनी पहचान छिपा ली और कथित तौर पर किसी और के नाम से खरीदा हुआ सिम कार्ड इस्तेमाल किया। उसने अपने भाई से गुमशुदगी की शिकायत दर्ज कराने को भी कहा ताकि ऐसा लगे कि उसकी इस घटना में मौत हो गई है।
पुलिस ने बताया कि आगे की जांच जारी है।
भाषा सं आनन्द रवि कांत धीरज
धीरज

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