उप्र विधानमंडल में 2026-27 का बजट ध्वनि मत से पारित, दोनों सदन अनिश्चितकाल के लिए स्थगित

उप्र विधानमंडल में 2026-27 का बजट ध्वनि मत से पारित, दोनों सदन अनिश्चितकाल के लिए स्थगित

उप्र विधानमंडल में 2026-27 का बजट ध्वनि मत से पारित, दोनों सदन अनिश्चितकाल के लिए स्थगित
Modified Date: February 20, 2026 / 10:33 pm IST
Published Date: February 20, 2026 10:33 pm IST

लखनऊ, 20 फरवरी (भाषा) उत्तर प्रदेश विधानमंडल के दोनों सदनों में वित्त वर्ष 2026-27 के लिए प्रस्तावित 9.13 लाख करोड़ रुपये का बजट ध्वनिमत से पारित हो गया और साथ ही, विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना ने शुक्रवार को दोनों सदनों को अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दिया गया।

राज्य के वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने 11 फरवरी को विधानसभा में वित्त वर्ष 2026-27 के लिए बजट पेश किया था, जो पिछले वित्त वर्ष की तुलना में लगभग 12.2 प्रतिशत अधिक है।

उसी दिन विधान परिषद में नेता सदन एवं उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने भी बजट प्रस्तुत किया था।

सदन के कुल 10 उपवेशन के बाद बजट को शुक्रवार को पारित किया गया।

एक आधिकारिक जानकारी के अनुसार वर्ष 2026 के प्रथम (बजट) सत्र के दौरान विधानसभा की कार्यवाही 75 घंटे आठ मिनट चली, जबकि कुल दो घंटे 23 मिनट तक सदन स्थगित रहा।

विधानसभा में नेता सदन योगी आदित्यनाथ और नेता प्रतिपक्ष माता प्रसाद पांडेय समेत विभिन्न दलों के नेताओं और सदस्यों ने विधानसभा अध्यक्ष महाना के कुशल संचालन की सराहना की और एक-दूसरे के प्रति सहयोग के लिए आभार जताया।

विधानमंडल के बजट सत्र की शुरुआत नौ फरवरी को हुई थी।

विधान परिषद के प्रमुख सचिव डॉ. राजेश सिंह ने बताया कि परिषद का प्रथम सत्र नौ फरवरी से शुरू होकर 20 फरवरी को बैठक समाप्त होने पर अनिश्चितकाल के लिए स्थगित हो गया।

आधिकारिक जानकारी के अनुसार उत्तर प्रदेश विनियोग विधेयक, 2026 (जिसे अध्यक्ष ने धन विधेयक प्रमाणित किया) विचारोपरांत सर्वसम्मति से ध्वनिमत से पारित हुआ। इससे पहले यही विधेयक विधानसभा में भी ध्वनिमत से पारित किया जा चुका था।

भाषा आनन्द खारी

खारी


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