शेखा झील के रामसर स्थल घोषित होने पर बोले आदित्यनाथ : उप्र जैव विविधता को बढ़ावा देने प्रतिबद्ध

शेखा झील के रामसर स्थल घोषित होने पर बोले आदित्यनाथ : उप्र जैव विविधता को बढ़ावा देने प्रतिबद्ध

शेखा झील के रामसर स्थल घोषित होने पर बोले आदित्यनाथ : उप्र जैव विविधता को बढ़ावा देने प्रतिबद्ध
Modified Date: April 22, 2026 / 12:16 pm IST
Published Date: April 22, 2026 12:16 pm IST

लखनऊ, 22 अप्रैल (भाषा) उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को कहा कि अलीगढ़ स्थित शेखा झील को राज्य की 12वीं रामसर साइट घोषित किया गया है जिससे न केवल पारिस्थितिक संतुलन मजबूत होगा, बल्कि स्थानीय स्तर पर आजीविका को भी नयी ऊर्जा मिलेगी।

केंद्रीय पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्री भूपेंद्र यादव ने बुधवार को घोषणा की कि अलीगढ़ की शेखा झील को रामसर स्थल का दर्जा दिया गया है, जिससे भारत में इनकी कुल संख्या 99 और उत्तर प्रदेश में 12 हो गई है।

उन्होंने कहा कि यह कदम जैव विविधता, आजीविका और जलवायु सुरक्षा को बढ़ावा देगा और प्रवासी पक्षियों के लिए इस आर्द्रभूमि के महत्व को रेखांकित करता है।

मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के दृष्टिकोण का उल्लेख करते हुए कहा, “नए उत्तर प्रदेश की परिकल्पना के अनुरूप राज्य पर्यावरण और जैव विविधता संरक्षण के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।”

उन्होंने कहा, “राज्य की यह 12वीं रामसर साइट पारिस्थितिकी संतुलन को सुदृढ़ करने के साथ ही स्थानीय स्तर पर आजीविका को नयी ऊर्जा प्रदान करेगी।”

रामसर साइट वह आर्द्रभूमि होती है जिसे ‘रामसर कन्वेन्शन’ के तहत अंतरराष्ट्रीय महत्व का दर्जा दिया जाता है। इसका उद्देश्य आर्द्रभूमियों का संरक्षण, जल संसाधनों की सुरक्षा और विशेष रूप से प्रवासी पक्षियों के प्राकृतिक आवास की रक्षा करना है।

भाषा जफर मनीषा

मनीषा


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