CM Pushkar Singh Dhami: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रदेशवासियों को दी ‘अक्षय तृतीया’ के शुभकामनायें.. चार धाम तीर्थयात्रियों के लिए किये कई बड़े ऐलान

CM Pushkar Singh Dhami Akshaya Tritiya Greetings: अक्षय तृतीया पर सीएम धामी ने शुभकामनाएं दीं, केदारनाथ धाम के कपाट 22 अप्रैल 2026 को खुलेंगे

CM Pushkar Singh Dhami: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रदेशवासियों को दी ‘अक्षय तृतीया’ के शुभकामनायें.. चार धाम तीर्थयात्रियों के लिए किये कई बड़े ऐलान

CM Pushkar Singh Dhami Akshaya Tritiya Greetings || IMAGE- ANI News File

Modified Date: April 19, 2026 / 10:45 am IST
Published Date: April 19, 2026 10:45 am IST
HIGHLIGHTS
  • अक्षय तृतीया पर मुख्यमंत्री धामी ने जनता को शुभकामनाएं दीं
  • केदारनाथ धाम के कपाट 22 अप्रैल 2026 को खुलेंगे
  • अक्षय तृतीया को समृद्धि और शुभ कार्यों का प्रतीक माना जाता है

देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने रविवार को अक्षय तृतीया के पावन अवसर पर राज्य की जनता को शुभकामनाएं दीं। (CM Pushkar Singh Dhami Akshaya Tritiya Greetings) उन्होंने एक एक्स पोस्ट के माध्यम से सभी नागरिकों के जीवन में समृद्धि और खुशहाली की कामना की।

मुख्यमंत्री ने लिखा, “मंगल ग्रह, समृद्धि और निर्मल सौभाग्य के पवित्र प्रतीक अक्षय तृतीया के इस शुभ अवसर पर, मैं राज्य के सभी निवासियों को हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं देता हूं। मैं भगवान से प्रार्थना करता हूं कि यह पवित्र त्योहार आपके जीवन में अनंत सुख, अटूट समृद्धि और नेक कर्मों की पूर्ति लाए।”

क्यों मनाई जाती है अक्षय तृतीया?

अक्षय तृतीया को हिंदू पंचांग में अत्यंत शुभ दिन माना जाता है, जिसे समृद्धि और सौभाग्य का प्रतीक माना जाता है। यह पर्व 19 अप्रैल को मनाया गया, जिसे नए कार्य शुरू करने, निवेश करने तथा सोना और अचल संपत्ति खरीदने के लिए विशेष रूप से शुभ माना जाता है। इस दिन को प्रार्थना, दान-पुण्य और धार्मिक अनुष्ठानों के साथ मनाया जाता है। (CM Pushkar Singh Dhami Akshaya Tritiya Greetings) “अक्षय” शब्द का अर्थ ‘कभी न घटने वाला’ होता है, और मान्यता है कि इस दिन किए गए कार्यों का फल अनंत काल तक बढ़ता रहता है। हिंदू मान्यताओं के अनुसार यह पर्व कलयुग की शुरुआत और द्वापर युग के अंत का भी प्रतीक है।

आज खुल रहें है यमुनोत्री-गंगोत्री के कपाट

उत्तराखंड में अक्षय तृतीया के शुभ अवसर पर उत्तरकाशी जिले में स्थित श्री गंगोत्री और यमुनोत्री के कपाट श्रद्धालुओं के लिए आज खुल जाएंगे। मिली जानकारी के अनुसार गंगोत्री में दोपहर सवा बारह बजे और यमुनोत्री में दोपहर बारह बजकर 35 मिनट पर कपाट खोले जाएंगे। (CM Pushkar Singh Dhami Akshaya Tritiya Greetings) इसके साथ ही राज्य में चार धाम यात्रा का औपचारिक शुभारंभ हो जाएगा। बात करे तीन अन्य धामों की तो केदारनाथ के कपाट 22 अप्रैल, बद्रीनाथ के 23 और हेमकुंड साहेब के कपाट 23 मई को खोले जायेंगे।

हेली सर्विस की तैयारियां पूरी, सुरक्षा के उचित प्रबंध

केदारनाथ धाम तीर्थयात्रा के लिए हेलीकॉप्टर सेवा की तैयारियां पूरी हो चुकी हैं। इस वर्ष श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए व्यवस्थाएं और भी सख्त और सुव्यवस्थित की गई हैं। केदारनाथ घाटी के गुप्तकाशी, फाटा और सेर्सी स्थित हेलीपैडों से 22 अप्रैल से हेलीकॉप्टर सेवाएं शुरू हो जाएंगी। उत्तराखंड नागरिक उड्डयन विकास प्राधिकरण द्वारा कुल आठ हेलीकॉप्टर कंपनियों को संचालन की अनुमति दी गई है।

सोनप्रयाग और केदारनाथ में नियंत्रण कक्ष स्थापित

अनियंत्रित उड़ानों को रोकने के लिए, इस बार शटल सेवाओं को सीमित कर दिया गया है, जिससे यह सुनिश्चित हो सके कि कंपनियां केवल निश्चित संख्या में उड़ानें संचालित करें। सुचारू हवाई यातायात प्रबंधन सुनिश्चित करने के लिए सोनप्रयाग और केदारनाथ में नियंत्रण कक्ष स्थापित किए गए हैं, जहां एटीसी अधिकारी तैनात रहेंगे। (CM Pushkar Singh Dhami Akshaya Tritiya Greetings) ये अधिकारी हेलीकॉप्टर पायलटों को वास्तविक समय में अपडेट और मौसम संबंधी जानकारी प्रदान करेंगे। इसके अतिरिक्त, यूसीएडीए सुरक्षा मानकों के सख्त अनुपालन को सुनिश्चित करने के लिए हेलीकॉप्टर कंपनियों की गतिविधियों पर कड़ी निगरानी रखेगा। कुल मिलाकर, इस वर्ष हेलीकॉप्टर सेवाओं को अधिक सुरक्षित, विनियमित और पारदर्शी बनाने पर विशेष जोर दिया गया है, ताकि तीर्थयात्रियों को बेहतर सुविधाएं मिल सकें।

तीर्थयात्रियों को मिलेगी गर्म पानी की सुविधा

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को घोषणा की कि केदारनाथ धाम आने वाले तीर्थयात्रियों को जल्द ही ठंडे पानी के बजाय 24 घंटे गर्म पानी उपलब्ध कराया जाएगा। यह सुविधा चीड़ की पत्तियों (पिरुल) और खच्चरों के गोबर से बने बायोमास पेलेट्स से चलने वाले गीजर के माध्यम से दी जाएगी। यह देश में अपनी तरह की पहली पहल होगी, जहाँ इतनी ऊँचाई पर चौबीसों घंटे गर्म पानी उपलब्ध कराया जाएगा।

तीर्थयात्रियों, पर्यटकों के लिए कई बड़े ऐलान

एक प्रेस रिलीज़ के अनुसार, ये गीजर गढ़वाल मंडल विकास निगम (GMVN) द्वारा केदारनाथ और लिंचोली में लगाए जाएँगे। इस नई पहल से केदारनाथ यात्रा मार्ग पर खच्चरों के गोबर की समस्या को कम करने में मदद मिलेगी। साथ ही, चीड़ की पत्तियों से लगने वाली जंगल की आग के खतरे को भी घटाया जा सकेगा। (CM Pushkar Singh Dhami Akshaya Tritiya Greetings) इसके अलावा, एक पायलट प्रोजेक्ट के तहत यात्रा मार्ग पर सड़क किनारे बने ढाबों को फायर पेलेट्स से चलने वाले चूल्हे उपलब्ध कराए जाएँगे। ऊर्जा की कमी के समय ये चूल्हे बेहद उपयोगी साबित होंगे। यदि यह प्रयोग सफल रहता है, तो इन्हें बड़े पैमाने पर वितरित करने की योजना बनाई जाएगी।

इससे पहले, मुख्यमंत्री धामी ने चार धाम यात्रा के लिए आने वाले श्रद्धालुओं को शुभकामनाएँ दीं। यह यात्रा रविवार, 19 अप्रैल से शुरू होने जा रही है। उन्होंने सभी तीर्थयात्रियों की सुरक्षित और मंगलमय यात्रा की कामना करते हुए कहा कि देश और विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं का स्वागत है।

इन्हें भी पढ़ें:-


सामान्यतः पूछे जाने वाले प्रश्नः

लेखक के बारे में

A journey of 10 years of extraordinary journalism.. a struggling experience, opportunity to work with big names like Dainik Bhaskar and Navbharat, priority given to public concerns, currently with IBC24 Raipur for three years, future journey unknown