ट्रंप के बातचीत के दावे के बीच ईरान ने इजराइल और अरब देशों को निशाना बनाया

ट्रंप के बातचीत के दावे के बीच ईरान ने इजराइल और अरब देशों को निशाना बनाया

ट्रंप के बातचीत के दावे के बीच ईरान ने इजराइल और अरब देशों को निशाना बनाया
Modified Date: March 24, 2026 / 04:45 pm IST
Published Date: March 24, 2026 4:45 pm IST

दुबई, 24 मार्च (एपी) ईरान ने मंगलवार को इजराइल और खाड़ी के अरब देशों को निशाना बनाकर लगातार हमले करना जारी रखा और इस दौरान उसकी एक मिसाइल तेल अवीव के मध्य में स्थित सड़क पर गिरी।

हालांकि, राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि अमेरिका युद्ध समाप्त करने के लिए इस्लामिक गणराज्य ईरान के साथ बातचीत कर रहा है।

ट्रंप ने ईरान को दी गई वह समय सीमा भी आगे बढ़ा दी जिसके तहत होर्मुज जलडमरूमध्य को जहाजों के लिए नहीं खोलने पर ईरान के बिजली संयंत्रों को हवाई हमलों में निशाना बनाने की चेतावनी दी गई है।

इससे तेल की कीमतों में थोड़ी गिरावट आई और शेयर बाजारों में तेजी दिखी।

सप्ताहांत में अमेरिका और ईरान की ओर से एक-दूसरे को दी गई हमलों की धमकियों के बाद इस समयसीमा को आगे बढ़ाने से राहत मिली है।

इन हमलों से ईरान और खाड़ी क्षेत्र के लाखों लोगों के घरों की बिजली गुल हो सकती थी और कई रेगिस्तानी देशों को पीने का पानी मुहैया कराने वाले जलशोधन संयंत्र ठप हो सकते थे।

परमाणु संयंत्रों पर हमले की आशंका भी जताई गई थी, जिससे संभावित तबाही का डर पैदा हो गया था।

लेकिन ट्रंप द्वारा ईरान के साथ वार्ताओं के बारे में दिए गए ब्योरे को लेकर विवाद बना हुआ है, क्योंकि ईरान ने किसी भी तरह की वार्ता होने से इनकार किया है।

ईरानी संसद के अध्यक्ष मोहम्मद बगेर कलिबफ ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘अमेरिका के साथ कोई वार्ता नहीं हुई है।’’ उन्होंने कहा, ‘‘फर्जी खबरों का इस्तेमाल वित्तीय और तेल बाजारों में हेरफेर करने के लिए किया जा रहा है।’’

इजराइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा कि अमेरिका द्वारा युद्धविराम पर विचार करने के बावजूद ईरान और लेबनान पर इजराइल हमले जारी रखेगा। उन्होंने कहा, ‘‘अभी और हमले होंगे।’’

ईरान के विदेश मंत्री के कार्यालय ने बताया कि अब्बास अराघची ने इस सप्ताह अजरबैजान, मिस्र, ओमान, पाकिस्तान, रूस, दक्षिण कोरिया, तुर्किये और तुर्कमेनिस्तान के अपने समकक्षों से युद्ध के बारे में बात की।

ईरान ने इजराइल और खाड़ी के पड़ोसी देशों पर हमला किया, वहीं इजराइल ने बेरूत पर हमला किया।

ईरान ने मंगलवार तड़के इजराइल पर कई मिसाइलें दागीं, जिनमें से कुछ देश के उत्तरी हिस्से में गिरीं।

तेल अवीव में 100 किलोग्राम आयुध ले जाने में सक्षम एक मिसाइल इजराइली रक्षा प्रणाली को भेदते हुए शहर के मध्य में एक सड़क पर जा गिरी। इससे पास की एक इमारत की खिड़कियां टूट गईं और धुआं उठने लगा।

मिसाइल गिरने के कुछ मिनट बाद घटनास्थल पर पहुंचने के बाद बचाव कार्य में जुटे कर्मी योएल मोशे ने पत्रकारों को बताया, ‘‘हमने तबाही, धुआं और अफरा-तफरी देखी।’’ उन्होंने कहा कि चार लोग मामूली रूप से घायल हुए हैं।

आश्रय स्थल से बाहर निकलते हुए अमीर हसीद ने कहा कि उन्हें लगा था कि स्थिति इससे कहीं अधिक भयावह होगी। उन्होंने कहा, ‘‘ऐसा लगता है जैसे आप एक (आसान) निशाना हैं, आप खुद पर या अपने बगल में किसी पर मिसाइलों गिरने का इंतजार कर रहे हैं।’’

इससे पहले दिन में इजराइल ने बेरूत के दक्षिणी उपनगरों पर बमबारी की। इजराइल ने इस हमले पर कहा कि वह ईरान से जुड़े आतंकवादी संगठन हिजबुल्ला द्वारा इस्तेमाल किए जाने वाले बुनियादी ढांचे को निशाना बना रहा था।

लेबनान की राजधानी के दक्षिण-पूर्व में स्थित एक आवासीय अपार्टमेंट पर हुए हमले में लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार कम से कम दो लोग मारे गए।

कुवैत में, हवाई रक्षा प्रणाली के छर्रों से बिजली की लाइनें क्षतिग्रस्त हो गईं, जिससे कई घंटों तक आंशिक बिजली कटौती हुई।

बहरीन में मिसाइल को लेकर अलर्ट सायरन बजे और सऊदी अरब के रक्षा मंत्रालय ने कहा कि उसने तेल समृद्ध पूर्वी प्रांत को निशाना बना रहे 19 ईरानी ड्रोन को नष्ट कर दिया।

ट्रंप के इस दावे के बाद कि उनकी सरकार युद्ध समाप्त करने के लिए बातचीत कर रही है, तेल की कीमतें कुछ समय के लिए 100 डॉलर प्रति बैरल से नीचे गिर गईं। लेकिन यह राहत अल्पकालिक रही, क्योंकि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल की कीमत सुबह के कारोबार में फिर से 104 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गई, जो 28 फरवरी को इजराइल और अमेरिका द्वारा ईरान के खिलाफ युद्ध शुरू होने के बाद से 40 प्रतिशत से अधिक की बढ़ोतरी को दर्शाता है।

ट्रंप ने पहले ईरान को सोमवार देर रात (वाशिंगटन समय) तक होर्मुज जलडमरूमध्य को फिर से खोलने या अपने बिजली संयंत्रों पर हमलों का सामना करने की चेतावनी दी थी, लेकिन सोमवार को उन्होंने तेहरान को दी गई इस समयसीमा को पांच और दिन के लिए बढ़ा दिया।

ईरान ने फारस की खाड़ी को खुले महासागर से जोड़ने वाले इस जलडमरूमध्य से कुछ जहाजों को गुजरने की अनुमति दी है, लेकिन कहा है कि वह अमेरिका, इजराइल या उसके सहयोगियों से जुड़े जहाजों को निशाना बनाना जारी रखेगा।

इस बीच ईरान के स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा है कि संघर्ष में मरने वाले उसके नागरिकों की संख्या बढ़कर 1,500 से अधिक हो गई है, वहीं ईरानी हमले में इजराइल में 15 लोग मारे गए हैं जबकि 13 अमेरिकी सैन्य कर्मी भी मारे गए हैं।

एपी संतोष नरेश

नरेश


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