Govt Employees VRS warning: सरकारी अफसर-कर्मचारी सावधान!.. उप मुख्यमंत्री ने दी जबरन रिटायर करने की चेतावनी, जानें क्यों नाराज है डिप्टी CM

Govt Employees VRS warning: उन्होंने कहा, "आम लोगों को ऑनलाइन आवेदन करने में आने वाली कठिनाइयों को ध्यान में रखते हुए, प्रत्येक सर्कल कार्यालय में सीएससी खोले जा रहे हैं, जहां कंप्यूटर-प्रशिक्षित वीएलई एक निश्चित मामूली शुल्क पर आवेदन और उचित परामर्श प्रदान करेंगे।"

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  • Publish Date - January 6, 2026 / 12:53 PM IST,
    Updated On - January 6, 2026 / 12:55 PM IST

Govt Employees VRS warning || Image- Vijay Singh Twitter (Now X)

HIGHLIGHTS
  • लापरवाह अफसरों को VRS चेतावनी
  • भूमि माफियाओं पर सख्त कार्रवाई
  • 14 जनवरी बाद जारी होगी रिपोर्ट

भागलपुर: बिहार के उपमुख्यमंत्री और राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के मंत्री विजय सिन्हा प्रदेश में सरकार बनने के बाद लगातार राज्य के दौरे पर है। वे सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन का जायजा ले रहें है और अफसरों को समझाइस और सुझाव (Govt Employees VRS warning) भी दे रहें हैं। मंगलवार को उन्होंने भागलपुर में भूमि सुधार जनकल्याण संवाद कार्यक्रम में हिस्सा लिया और अफसरों के कार्यशैली अपर नाराजगी जाहिर की।

‘दे दिया जाएगा अफसरों को VRS’ (Bihar Bhagalpur Latets News)

उन्होंने बताया कि, जिले के सभी अंचलों से भूमि से जुड़ी सैकड़ों शिकायतें एवं आवेदन प्राप्त हुए। प्रत्येक आवेदक की समस्या को विभाग के वरीय पदाधिकारियों, अपर समाहर्ता, उप समाहर्ता, अंचलाधिकारी एवं संबंधित राजस्व कर्मियों की उपस्थिति में गंभीरता से सुना गया और सभी मामलों में त्वरित कार्रवाई व समयबद्ध समाधान सुनिश्चित करने हेतु स्पष्ट एवं ठोस निर्देश दिए गए।

साफ शब्दों में निर्देश दिया गया कि भूमाफिया तत्व, जो निजी या सरकारी भूमि पर अवैध कब्ज़ा कर आमजन को परेशान कर रहे हैं, उन्हें चिन्हित कर सूचीबद्ध किया जाए और कड़ी वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार्य नहीं होगी। उन्होंने यह भी कहा कि, लापरवाह अधिकारी और कर्मचारी यह लोककल्याण के कामकाज में लापरवाही बरतते है तो उन्हें वीआरएस (Govt Employees VRS warning) दे दिया जाएगा।

‘प्रगति रिपोर्ट 14 जनवरी के बाद’ (Bihar Vijay Sinha Today News)

उप मुख्यमंत्री ने बताया कि, अभी तक जिन-जिन जिलों में संवाद आयोजित हुए हैं, वहाँ प्राप्त आवेदनों एवं उनके निष्पादन की प्रगति रिपोर्ट की समीक्षा कर उसे 14 जनवरी के बाद सार्वजनिक रूप से जारी किया जाएगा, ताकि जनता को यह जानकारी मिल सके कि कितने आवेदन आए और कितनों का समाधान हुआ। साथ ही, ईमानदारी, दक्षता और जनहित में उत्कृष्ट कार्य करने वाले पदाधिकारियों को चिन्हित कर सम्मानित व प्रोत्साहित किया जाएगा, ताकि व्यवस्था में सकारात्मक प्रतिस्पर्धा और जवाबदेही सुदृढ़ हो।

भूमि माफियाओं और दलालों को भी चेतावनी (Vijay Sinha Warn to Officers)

उन्होंने कार्यक्रम में भूमि माफियाओं और दलालों के खिलाफ कार्रवाई की धमकी दी और कहा कि अब किसी भी तरह का दबाव काम नहीं करेगा। भागलपुर में अपने विभाग द्वारा आयोजित जन संवाद कार्यक्रम में बोलते हुए सिन्हा ने कहा कि आम जनता को आसानी से ऑनलाइन सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए प्रत्येक सर्कल कार्यालय में सीएससी (सामान्य सेवा केंद्र) खोले जाएंगे। उन्होंने कहा कि जनहित में अब तक एक दर्जन से अधिक सुधारात्मक उपाय किए जा चुके हैं (Govt Employees VRS warning) और ब्लॉक कार्यालयों में सीएससी संचालित करने के लिए 500 से अधिक ग्राम स्तरीय उद्यमियों (वीएलई) को प्रशिक्षित किया गया है।

उन्होंने कहा, “आम लोगों को ऑनलाइन आवेदन करने में आने वाली कठिनाइयों को ध्यान में रखते हुए, प्रत्येक सर्कल कार्यालय में सीएससी खोले जा रहे हैं, जहां कंप्यूटर-प्रशिक्षित वीएलई एक निश्चित मामूली शुल्क पर आवेदन और उचित परामर्श प्रदान करेंगे।”

पुलिस स्टेशन के बजाय प्रत्येक शनिवार को सर्कल कार्यालय में जन शिकायत निवारण शिविर (Govt Employees VRS warning) आयोजित किया जाएगा। यह व्यवस्था आम जनता को पुलिस स्टेशन जाने में होने वाली कठिनाइयों को ध्यान में रखते हुए की गई है। उन्होंने बताया कि राजस्व कर्मचारी अब अपने-अपने पंचायतों से कार्य करेंगे। भूमि संवाद कार्यक्रम में भाग लेने वाले कुछ स्थानीय जेडीयू नेताओं ने सर्कल अधिकारियों (सीओ) पर जल आपूर्ति विभाग से संबंधित सरकारी जमीन बेचने का आरोप लगाया।

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Q1. डिप्टी सीएम ने किन अफसरों को VRS की चेतावनी दी?

लापरवाही बरतने वाले राजस्व विभाग के अधिकारी और कर्मचारी वीआरएस के दायरे में होंगे।

Q2. प्रगति रिपोर्ट जनता के सामने कब आएगी?

जिलों से प्राप्त आवेदनों की प्रगति रिपोर्ट 14 जनवरी के बाद सार्वजनिक होगी।

Q3. भूमि माफियाओं को लेकर क्या निर्देश दिए गए हैं?

भूमि माफियाओं को चिन्हित कर सूचीबद्ध करने और सख्त कानूनी कार्रवाई के निर्देश दिए गए।