बिहार: मल्लिकार्जुन खरगे के खिलाफ मुजफ्फरपुर की एक अदालत में शिकायत दर्ज कराई गई

बिहार: मल्लिकार्जुन खरगे के खिलाफ मुजफ्फरपुर की एक अदालत में शिकायत दर्ज कराई गई

बिहार: मल्लिकार्जुन खरगे के खिलाफ मुजफ्फरपुर की एक अदालत में शिकायत दर्ज कराई गई
Modified Date: January 28, 2025 / 07:20 pm IST
Published Date: January 28, 2025 7:20 pm IST

मुजफ्फरपुर (बिहार), 28 जनवरी (भाषा) बिहार के मुजफ्फरपुर जिले की एक अदालत में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के खिलाफ मंगलवार को शिकायत दर्ज कराई गई, जिसमें उन पर हिंदुओं की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने का आरोप लगाया गया है।

यह शिकायत उनके इस बयान पर दर्ज कराई गई है कि गंगा में डूबकी लगाने से गरीबी खत्म नहीं होगी।

मुजफ्फरपुर के वकील सुधीर ओझा ने यहां एक स्थानीय अदालत में खरगे के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई और हिंदू समुदाय/सनातन धर्म की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने के आरोप में उनके खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने की मांग की।

मुजफ्फरपुर के मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी की अदालत में शिकायत दर्ज कराने के बाद ओझा ने संवाददाताओं से कहा, ‘खरगे का बयान हिंदू भावनाओं पर हमला है…यह सनातन धर्म का पालन करने वाले करोड़ों लोगों की आस्था पर हमला है। उनके खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया जाना चाहिए।’

अदालत इस मामले की सुनवाई तीन फरवरी को करेगी।

कांग्रेस अध्यक्ष ने सोमवार को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के महाकुंभ दौरे को लेकर उन पर कटाक्ष करते हुए कहा था कि शाह के ‘गंगा में डुबकी लगाने से गरीबी दूर नहीं होगी।’

मध्य प्रदेश के महू में पार्टी की एक रैली को संबोधित करते हुए खरगे ने कहा था, “(नरेन्द्र) मोदी के झूठे वादों के जाल में मत फंसिए। क्या गंगा में डुबकी लगाने से गरीबी खत्म हो जाती है? क्या इससे आपका पेट भर जाएगा? मैं किसी की आस्था पर सवाल नहीं उठाना चाहता। अगर किसी को बुरा लगा हो, तो मैं माफी मांगता हूं।”

कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा था, ‘‘लेकिन मुझे बताइए, जब एक बच्चा भूख से मर रहा है, स्कूल नहीं जा रहा है, मजदूरों को उनका हक नहीं मिल रहा है, ऐसे समय में ये लोग हजारों रुपये खर्च कर रहे हैं और (गंगा में) डुबकी लगाने की होड़ में लगे हैं।’’

उन्होंने कहा था कि वे तब तक डुबकी लगाते रहते हैं, जब तक कि यह कैमरे पर अच्छा न दिखने लगे।

खरगे ने कहा था, ‘ऐसे लोग देश का भला नहीं कर सकते। हमारी आस्था भगवान में है – लोग हर दिन घर में पूजा करते हैं, सभी महिलाएं पूजा करने के बाद अपने घरों से बाहर निकलती हैं, इसमें कोई मुद्दा नहीं है। लेकिन हमें धर्म के नाम पर गरीबों के शोषण से समस्या है।”

भाषा अनवर नोमान

नोमान


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