8th Pay Commission: क्या केंद्रीय कर्मचारियों के सपने होंगे सच? 8वें वेतन आयोग पर मोदी सरकार ने लिया ये ऐतिहासिक फैसला!

8th Pay Commission: 8वें केंद्रीय वेतन आयोग ने आश्वस्त किया है कि सुझाव देने वालों की पहचान पूरी तरह से गोपनीय रखी जाएगी और सभी प्रतिक्रियाओं का सामूहिक विश्लेषण किया जाएगा। राय देने की आखिरी तारीख 16 मार्च 2026 तय की गई है, इसके बाद पोर्टल को बंद कर दिया जाएगा।

8th Pay Commission: क्या केंद्रीय कर्मचारियों के सपने होंगे सच? 8वें वेतन आयोग पर मोदी सरकार ने लिया ये ऐतिहासिक फैसला!

(8th Pay Commission/ Image Credit: IBC24 News)

Modified Date: February 8, 2026 / 05:57 pm IST
Published Date: February 8, 2026 5:56 pm IST
HIGHLIGHTS
  • 8वें वेतन आयोग की वेबसाइट 8cpc.gov.in लाइव हो गई है।
  • सुझाव केवल ऑनलाइन प्रश्नावली के माध्यम से दिए जा सकते हैं।
  • सुझाव देने की अंतिम तारीख 16 मार्च 2026 है।

नई दिल्ली: 8th Pay Commission News केंद्र सरकार ने 8वें केंद्रीय वेतन आयोग (8th Pay Commission) के लिए एक बड़ा कदम उठाया है। आयोग की आधिकारिक वेबसाइट 8cpc.gov.in अब लाइव हो चुकी है और इसके साथ ही सरकारी कर्मचारियो, पेंशनर्स और आम लोगों से सुझाव मांगने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। MyGov प्लेटफॉर्म के जरिए ऑनलाइन प्रश्नावली जारी की गई है, जिसमें वेतन, पेंशन और भत्तों से संबंधित सुझाव दिए जा सकते हैं। यह एक महत्वपूर्ण मौका है जब कर्मचारी अपनी राय रख सकते हैं और आगामी वेतन संशोधन पर प्रभाव डाल सकते हैं।

सुझाव देने का तरीका और अंतिम तारीख (Method of Giving Suggestions)

दरअसल, सरकार ने स्पष्ट किया है कि सुझाव सिर्फ ऑनलाइन प्रश्नावली के जरिए ही स्वीकार किए जाएंगे। ईमेल, चिट्ठी या PDF के जरिए भेजे गए सुझाव मान्य नहीं होंगे। प्रश्नावली हिंदी और अंग्रेजी दोनों भाषाओं में उपलब्ध है, ताकि देशभर के कर्मचारी और पेंशनर्स इसमें भाग ले सकें। आयोग (8th Pay Commission) ने यह भी सुनिश्चित किया है कि जो लोग सुझाव देंगे, उनकी पहचान पूरी तरह से गोपनीय रखी जाएगी और सभी जवाबों का विश्लेषण सामूहिक रूप से किया जाएगा। राय देने की अंतिम तारीख 16 मार्च 2026 है, इसके बाद पोर्टल बंद कर दिया जाएगा।

किसे मिलेगा इसमें शामिल होने का मौका? (Who will Get a Chance in This?)

इस परामर्श प्रक्रिया में केंद्रीय कर्मचारी, पेंशनर्स, केंद्र शासित प्रदेशों के कर्मचारी, न्यायिक अधिकारी, नियामक संस्थाओं के कर्मचारी, कर्मचारी संघ, शोधकर्ता और अन्य हितधारक सभी को अपनी राय देने का अवसर मिलेगा। प्रश्नावली में वेतन वृद्धि के अलावा कई बड़े नीतिगत सवाल पूछे गए हैं, जैसे आर्थिक विकास और महंगाई के बीच आयोग की सोच क्या होनी चाहिए, फिटमेंट फैक्टर कितना होना चाहिए, सालाना इंक्रीमेंट का ढांचा क्या हो और टॉप लेवल सैलरी की तुलना किस आधार पर की जाए।

संगठनों का विरोध (Opposition of Organizations)

8th Pay Commission की घोषणा जनवरी 2025 में हुई थी और इसे औपचारिक रूप से 3 नवंबर 2025 को अधिसूचित किया गया था। आयोग को 18 महीने के भीतर अपनी रिपोर्ट सरकार को सौंपनी है। हालांकि, कर्मचारियों के संगठनों में इस समय बेचैनी बढ़ रही है। यूनियनों का कहना है कि महंगाई तेजी से बढ़ रही है और यदि सरकार ने स्पष्ट टाइमलाइन और एरियर पर स्थिति स्पष्ट नहीं की, तो आंदोलन और हड़ताल की संभावना बढ़ सकती है। वहीं, अब इस पूरे मामले में सरकार के लिए एक बड़ी चुनौती यह होगी कि वह कर्मचारियों की उम्मीदों पर खरा उतरे।

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लेखक के बारे में

मैं 2018 से पत्रकारिता में सक्रिय हूँ। हिंदी साहित्य में मास्टर डिग्री के साथ, मैंने सरकारी विभागों में काम करने का भी अनुभव प्राप्त किया है, जिसमें एक साल के लिए कमिश्नर कार्यालय में कार्य शामिल है। पिछले 7 वर्षों से मैं लगातार एंटरटेनमेंट, टेक्नोलॉजी, बिजनेस और करियर बीट में लेखन और रिपोर्टिंग कर रहा हूँ।