चालू वित्त वर्ष के पहले 10 माह में कोयला आयात 4.2 प्रतिशत घटकर 21.31 करोड़ टन : रिपोर्ट

चालू वित्त वर्ष के पहले 10 माह में कोयला आयात 4.2 प्रतिशत घटकर 21.31 करोड़ टन : रिपोर्ट

चालू वित्त वर्ष के पहले 10 माह में कोयला आयात 4.2 प्रतिशत घटकर 21.31 करोड़ टन : रिपोर्ट
Modified Date: March 22, 2026 / 10:24 am IST
Published Date: March 22, 2026 10:24 am IST

नयी दिल्ली, 22 मार्च (भाषा) देश का कोयला आयात चालू वित्त वर्ष के पहले 10 माह (अप्रैल-जनवरी) के दौरान 4.2 प्रतिशत घटकर 21.31 करोड़ टन रहा है। समुद्री मार्ग से ढुलाई महंगी होने के कारण अभी कोयला आयात कमजोर ही रहने की संभावना है।

आयात में गिरावट से पता चलता है कि देश कोयला उत्पादन में आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ रहा है, जबकि घरेलू उत्पादन बढ़ रहा है। हालांकि, भू-राजनीतिक तनाव की वजह से आपूर्ति में आई बाधा की वजह से वैश्विक स्तर पर तापीय कोयले की कीमतें चढ़ रही हैं।

बी2बी ई-कॉमर्स मंच एमजंक्शन सर्विसेज लि. के आंकड़ों के मुताबिक, चालू वित्त वर्ष में अप्रैल-जनवरी के दौरान, गैर-कोकिंग कोयले का आयात 12.78 करोड़ था, जो पिछले वित्त वर्ष की इसी अवधि के 14.11 करोड़ टन के आंकड़े से कम है। एमजंक्शन सर्विसेज सेल और टाटा स्टील का संयुक्त उद्यम है।

अप्रैल-जनवरी, 2025-26 के दौरान कोकिंग कोयले का आयात 5.03 करोड़ टन रहा, जो एक साल पहले इसी अवधि में 4.58 करोड़ टन था।

जनवरी में देश का कोयला आयात 22.1 प्रतिशत घटकर 1.66 करोड़ टन रह गया, जो पिछले वित्त वर्ष के इसी महीने में 2.13 करोड़ टन रहा था।

जनवरी में हुए कुल आयात में से, गैर-कोकिंग कोयले का हिस्सा 94.5 लाख था, जो पिछले साल जनवरी के आंकड़े 1.23 करोड़ टन से कम है। कोकिंग कोयले का आयात 42.3 लाख था, जबकि पिछले वित्त वर्ष की इसी अवधि में यह 52.3 लाख टन रहा था।

एमजंक्शन के प्रबंध निदेशक एवं मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) विनय वर्मा ने कहा, ‘‘घरेलू बाजार में ज्यादा स्टॉक होने की वजह से तापीय कोयले के आयात में (सालाना आधार पर) काफी गिरावट आई है। समुद्री मार्ग से ढुलाई की कीमतों में बढ़ोतरी के साथ आयात और कम रहने की संभावना है।’’

अगले कुछ साल में घरेलू कोयले का उत्पादन सालाना 6-7 प्रतिशत की दर से बढ़कर 2029-30 तक लगभग 1.5 अरब टन तक पहुंचने की उम्मीद है।

भाषा अजय अजय

अजय


लेखक के बारे में