दिल्ली सरकार ने कारोबारियों को लगभग 4,800 करोड़ रुपये के ऋण की सुविधा उपलब्ध कराई: रेखा गुप्ता

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दिल्ली सरकार ने कारोबारियों को लगभग 4,800 करोड़ रुपये के ऋण की सुविधा उपलब्ध कराई: रेखा गुप्ता

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  • Publish Date - August 20, 2026 / 09:32 PM IST,
    Updated On - August 20, 2026 / 09:32 PM IST

नयी दिल्ली, 20 अगस्त (भाषा) मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने बृहस्पतिवार को कहा कि दिल्ली क्रेडिट गारंटी योजना (डीकेजीएस) के तहत सरकार ने पात्र छोटे 10,500 लाभार्थियों को लगभग 4,800 करोड़ रुपये के ऋण की सुविधा उपलब्ध कराई है।

एक आधिकारिक बयान के मुताबिक, डीकेजीएस के तहत पात्र छोटे और लघु उद्यमों को बिना गारंटी के 10 करोड़ रुपये तक का ऋण उपलब्ध कराया जाता है और इस ऋण पर सरकार 95 प्रतिशत तक की क्रेडिट गारंटी देती है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि एक फरवरी 2026 के बाद से चालू वित्त वर्ष में 10,505 गारंटियों के जरिए 4,806 करोड़ रुपये की गारंटी मंजूर की जा चुकी है।

गुप्ता ने सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम (एमएसएमई) को दिल्ली की अर्थव्यवस्था की रीढ़ बताते हुए कहा सरकार का लक्ष्य एमएसएमई को वित्त, प्रशिक्षण, तकनीक और बाजार इन चारों स्तंभों पर मजबूत सहयोग प्रदान करना है।

उन्होंने कहा, “दिल्ली के छोटे और मध्यम उद्यम हमारी अर्थव्यवस्था का आधार हैं। सरकार प्रयास है कि दिल्ली का एमएसएमई केवल स्थानीय बाजार तक सीमित न रहे, बल्कि उसका उत्पाद दिल्ली से देश और देश से दुनिया तक पहुंचे। आज की आवश्यकता केवल ‘फ्यूचर-रेडी’ युवा तैयार करने की नहीं, बल्कि ‘फ्यूचर-रेडी’ व्यवसाय तैयार करने की भी है।”

मुख्यमंत्री ने ‘रेजिंग एंड एक्सेलरेटिंग एमएसएमई परफॉर्मेंस’ योजना के अंतर्गत आयोजित ‘मेगा कैपेसिटी बिल्डिंग प्रोग्राम’ को संबोधित करते हुए कहा कि आज का प्रशिक्षण व क्षमता निर्माण कार्यक्रम ‘4-पी रिफॉर्म’ (पॉलिसी, प्रोसेस, परफॉर्मेंस और पार्टनरशिप) की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।

उन्होंने कहा कि दिल्ली की अर्थव्यवस्था को नई गति देने और राजधानी के सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों (एमएसएमई) को आधुनिक कौशल, तकनीक, वित्त और नए बाजारों से जोड़ने के लिए दिल्ली सरकार निरंतर प्रयासरत है।

गुप्ता ने कहा कि दिल्ली में 2.48 लाख से अधिक स्टार्टअप और 125 यूनिकॉर्न (एक अरब डॉलर से अधिक मूल्यांकन वाले स्टार्टअप) काम कर रहे हैं। दिल्ली को देश में स्टार्टअप और यूनिकॉर्न के क्षेत्र में अग्रणी स्थान दिलाने के लिए सरकार उद्यमियों और युवा स्टार्टअप संस्थापकों के साथ मजबूती से खड़ी है।

मुख्यमंत्री ने बताया कि केंद्र सरकार द्वारा आरएएमपी योजना के तहत दिल्ली के लिए 49.74 करोड़ रुपये की राशि स्वीकृत की गई है।

उन्होंने कहा कि इस योजना के माध्यम से जनवरी 2027 तक 30,000 से अधिक एमएसएमई को आधुनिक कौशल व प्रशिक्षण से जोड़ा जाएगा, वहीं 10,000 से अधिक व्यवसायों को जीईएम और ओएनडीसी जैसे डिजिटल प्लेटफॉर्म से जोड़कर उन्हें बड़े बाजारों तक पहुंच प्रदान की जाएगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि आज के डिजिटल युग में डिजिटल होना कोई विकल्प नहीं, बल्कि व्यवसायों के विकास और प्रतिस्पर्धा के लिए एक अनिवार्य आवश्यकता है।

उद्योग मंत्री सरदार मनजिंदर सिंह ने कहा कि सरकार महिला उद्यमियों के लिए विशेष सहायता को भी बढ़ावा दे रही है और इस दिशा में तेलंगाना तथा आंध्र प्रदेश की सर्वोत्तम कार्यप्रणालियों को अपनाया जा रहा है।

उन्होंने कहा, “हम बेहतर बुनियादी ढांचे, आसान वित्तीय सहायता, बाजार तक पहुंच और टिकाऊ औद्योगिक विकास के माध्यम से दिल्ली में औद्योगिक वृद्धि के लिए एक पूर्ण तंत्र तैयार कर रहे हैं।”

भाषा नोमान नोमान रमण

रमण