नयी दिल्ली, 10 सितंबर (भाषा) निवेशकों की छोटी और मझोली कंपनियों के शेयरों पर केंद्रित योजनाओं में मजबूत दिलचस्पी के चलते इक्विटी म्यूचुअल फंड योजनाओं में अगस्त के दौरान 29,328.62 करोड़ रुपये का शुद्ध निवेश आया जो चार महीने में सबसे अधिक है।
एसोसिएशन ऑफ म्यूचुअल फंड्स इन इंडिया (एम्फी) की तरफ से बृहस्पतिवार को जारी आंकड़ों के अनुसार, जुलाई में इक्विटी म्यूचुअल फंड योजनाओं में 24,697 करोड़ रुपये का शुद्ध निवेश आया था। इस लिहाज से अगस्त में निवेश करीब 19 प्रतिशत अधिक रहा।
व्यवस्थित निवेश योजना (एसआईपी) के जरिये खुदरा निवेश भी मजबूत बना रहा। अगस्त में एसआईपी के जरिये मासिक योगदान बढ़कर रिकॉर्ड 32,297 करोड़ रुपये हो गया, जो जुलाई में 31,961 करोड़ रुपये था। अगस्त 2025 में जुटाए गए 28,265 करोड़ रुपये की तुलना में इस बार एसआईपी योगदान करीब 14 प्रतिशत अधिक रहा।
ताजा आंकड़ों के बाद चालू वित्त वर्ष के पहले पांच महीनों (अप्रैल-अगस्त) में एसआईपी के जरिये कुल संग्रह करीब 1.6 लाख करोड़ रुपये हो गया है।
म्यूचुअल फंड उद्योग में कुल शुद्ध निवेश हालांकि अगस्त में गिरकर 41,353 करोड़ रुपये रह गया, जो जुलाई में 2.36 लाख करोड़ रुपये था। इसकी मुख्य वजह ऋण-केंद्रित योजनाएं रहीं, जिनमें अगस्त में 8,127 करोड़ रुपये की शुद्ध निकासी हुई, जबकि जुलाई में इनमें 1.88 लाख करोड़ रुपये का शुद्ध निवेश आया था।
इसके बावजूद म्यूचुअल फंड उद्योग की प्रबंधन-अधीन परिसंपत्तियां (एयूएम) अगस्त के अंत में बढ़कर 87.07 लाख करोड़ रुपये हो गईं, जो जुलाई के अंत में 85.75 लाख करोड़ रुपये थीं।
इक्विटी श्रेणी में छोटी कंपनियों के शेयरों पर केंद्रित फंड में पिछले माह सबसे अधिक 7,973 करोड़ रुपये का शुद्ध निवेश आया। इसके बाद मझोली कंपनियों के शेयरों पर केंद्रित फंड में 6,989 करोड़ रुपये और फ्लेक्सी-कैप फंड में 5,059 करोड़ रुपये का निवेश हुआ। हालांकि, बड़ी कंपनियों के शेयरों पर केंद्रित फंड से 1,147 करोड़ रुपये की शुद्ध निकासी हुई।
इक्विटी-केंद्रित योजनाओं में अगस्त का 29,328.62 करोड़ रुपये का निवेश अप्रैल के बाद सबसे अधिक रहा। अप्रैल में इन योजनाओं में 38,440 करोड़ रुपये का शुद्ध निवेश आया था। मई में यह 22,908 करोड़ रुपये और जून में 28,973 करोड़ रुपये रहा था।
उद्योग निकाय एम्फी के मुख्य कार्यकारी वेंकट चलसानी ने कहा कि अगस्त में कुल 26 योजनाएं शुरू की गईं, जिनसे 7,110 करोड़ रुपये जुटाए गए।
ऋण योजनाओं में ‘ओवरनाइट फंड’ से सबसे अधिक 30,654 करोड़ रुपये की शुद्ध निकासी हुई। इसके अलावा, अल्पावधि फंड से 4,259 करोड़ रुपये और कॉरपोरेट बॉन्ड फंड से 3,190 करोड़ रुपये की शुद्ध निकासी हुई।
आंकड़ों के अनुसार, गोल्ड एक्सचेंज ट्रेडेड फंड (ईटीएफ) में भी अगस्त में निवेश जारी रहा और इनमें 2,597 करोड़ रुपये का शुद्ध निवेश आया। जुलाई में गोल्ड ईटीएफ में 1,559 करोड़ रुपये का निवेश आया था।
वहीं, सिल्वर ईटीएफ में अगस्त में 1,271 करोड़ रुपये का शुद्ध निवेश हुआ।
भाषा निहारिका प्रेम
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