वर्ष 2021-22 में राजकोषीय घाटा जीडीपी का 6.7 प्रतिशत रहाः आंकड़े

वर्ष 2021-22 में राजकोषीय घाटा जीडीपी का 6.7 प्रतिशत रहाः आंकड़े

वर्ष 2021-22 में राजकोषीय घाटा जीडीपी का 6.7 प्रतिशत रहाः आंकड़े
Modified Date: November 29, 2022 / 08:12 pm IST
Published Date: May 31, 2022 4:33 pm IST

नयी दिल्ली, 31 मई (भाषा) वित्त वर्ष 2021-22 में राजकोषीय घाटा सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) के 6.71 प्रतिशत रहा है जो 6.9 प्रतिशत के संशोधित बजट अनुमान से कम है।

मंगलवार को जारी आधिकारिक आंकडों के मुताबिक सरकार ने पहले इसके 6.8 प्रतिशत रहने का पूर्वानुमान जताया था लेकिन बाद में इसे बढ़ाकर 6.9 प्रतिशत कर दिया गया था।

महालेखा नियंत्रक (सीजीए) की तरफ से जारी आंकड़े बताते हैं कि मार्च 2022 में समाप्त वित्त वर्ष के लिए वास्तविक रूप में राजकोषीय घाटा 15,86,537 करोड़ रुपये रहा है जो जीडीपी का 6.7 प्रतिशत है।

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने गत एक फरवरी को वर्ष 2022-23 का बजट पेश करते समय अनुमान जताया था कि वर्ष 2021-22 में राजकोषीय घाटा 15,91,089 करोड़ रुपये यानी जीडीपी का 6.9 प्रतिशत रहेगा।

आंकड़ों के मुताबिक, वर्ष 2021-22 के अंत में राजस्व घाटा 4.37 प्रतिशत रहा।

भाषा

प्रेम रमण

रमण


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