अनिश्चितताओं के बीच भारत वैश्विक अर्थव्यवस्था में ‘‘उज्ज्वल स्थान’’ बना हुआ है: चंद्रशेखरन

अनिश्चितताओं के बीच भारत वैश्विक अर्थव्यवस्था में ‘‘उज्ज्वल स्थान’’ बना हुआ है: चंद्रशेखरन

अनिश्चितताओं के बीच भारत वैश्विक अर्थव्यवस्था में ‘‘उज्ज्वल स्थान’’ बना हुआ है: चंद्रशेखरन
Modified Date: June 10, 2026 / 12:37 pm IST
Published Date: June 10, 2026 12:37 pm IST

(फाइल फोटो के साथ)

नयी दिल्ली, 10 जून (भाषा) टाटा कंज्यूमर प्रोडक्ट्स लिमिटेड के चेयरमैन एन. चंद्रशेखरन ने बुधवार को कहा कि भू-राजनीतिक अनिश्चितताओं के बावजूद भारत वैश्विक अर्थव्यवस्था में एक ‘‘उज्ज्वल स्थान’’ बना हुआ है और मजबूत वृद्धि के साथ-साथ एक बहुत बड़ा बाजार भी प्रदान करता है, भले ही उपभोक्ताओं की पसंद एवं खर्च के तरीके लगातार बदल रहे हों।

टाटा समूह की दैनिक उपयोग की घरेलू वस्तुएं बनाने वाली (एफएमसीजी) इकाई टाटा कंज्यूमर प्रोडक्ट्स लिमिटेड (टीसीपीएल) की 63वीं वार्षिक आम बैठक को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि आज दुनिया भू-राजनीतिक बदलावों, आपूर्ति श्रृंखला में व्यवधान एवं पुनर्संतुलन, ऊर्जा बदलाव तथा कृत्रिम मेधा (एआई) में तेज प्रगति से पुनर्गठित हो रही है।

उन्होंने कहा कि इस वर्ष की शुरुआत सकारात्मक रही, जिसमें यूरोपीय संघ के साथ महत्वपूर्ण व्यापार समझौता और भारत-अमेरिका के बीच अंतरिम द्विपक्षीय व्यापार समझौते के ढांचे को अंतिम रूप देना जैसे प्रमुख घटनाक्रम शामिल हैं।

फरवरी के अंत में हालांकि पश्चिम एशिया संघर्ष के बाद आर्थिक सुस्ती, कमजोर उत्पादन और महंगाई के दबाव को लेकर चिंताएं फिर उभर आईं।

चंद्रशेखरन ने कहा कि इस माहौल में कंपनियां केवल दक्षता के बजाय ‘‘ मजबूती तथा व्यवसाय निरंतरता’’, उत्पादकता और भरोसे पर आधारित निर्णयों को प्राथमिकता दे रही हैं।

उन्होंने कहा, ‘‘ इस पृष्ठभूमि में हम सौभाग्यशाली हैं कि भारत दुनिया में एक उज्ज्वल स्थान बना हुआ है और तेजी से बढ़ने वाली प्रमुख अर्थव्यवस्था है जो मुख्य रूप से जनसांख्यिकीय ताकत, भौतिक और डिजिटल अवसंरचना के विस्तार, खपत आधारित वृद्धि एवं बढ़ती आकांक्षाओं से संचालित है।’’

चंद्रशेखरन ने कहा कि बदलती जीवनशैली, नए रिटेल प्रारूप, डिजिटल कॉमर्स और विशेष रूप से क्विक कॉमर्स उपभोक्ताओं के खाने-पीने तथा खरीदारी के तरीके को बदल रहे हैं, जिससे कंपनियों के लिए बड़े अवसर उत्पन्न हो रहे हैं।

उन्होंने बताया कि वित्त वर्ष 2025-26 में कंपनी की एकीकृत आय रुपये के संदर्भ में 15 प्रतिशत बढ़कर 20,290 करोड़ रुपये हो गई, जबकि स्थिर मुद्रा आधार पर वृद्धि लगभग 12 प्रतिशत रही।

चंद्रशेखरन ने कहा कि कंपनी अब केवल चाय व कॉफी की कंपनी से आगे बढ़कर ‘‘ चाय, नमक और बहु-श्रेणी एफएमसीजी कंपनी’’ बन चुकी है जो पेय तथा खाद्य उत्पादों की विस्तृत श्रृंखला पेश करती है।

उन्होंने बताया कि कंपनी अब भारत में 29 करोड़ घरों तक पहुंच बना चुकी है और वितरण नेटवर्क, नवाचार, डिजिटल क्षमताओं और ब्रांड खंड के जरिये उभरते उपभोग रुझानों का लाभ उठा रही है।

उन्होंने यह भी कहा कि पैकेज्ड फूड, रोजमर्रा के खाद्य पदार्थ और रेडी-टू-ड्रिंक पेय जैसे व्यवसाय अब भारतीय खंड का 30 प्रतिशत हिस्सा हैं जो एक साल पहले 26 प्रतिशत था।

कंपनी के प्रबंध निदेशक एवं मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) सुनील डी’सूजा ने कहा कि टीसीपीएल भारत की शीर्ष 10 एफएमसीजी कंपनियों में शामिल हो गई है।

भाषा निहारिका मनीषा

मनीषा


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