देश का स्मार्टफोन निर्यात अप्रैल-अगस्त के दौरान एक लाख करोड़ रुपये को पार: राष्ट्रपति

देश का स्मार्टफोन निर्यात अप्रैल-अगस्त के दौरान एक लाख करोड़ रुपये को पार: राष्ट्रपति

देश का स्मार्टफोन निर्यात अप्रैल-अगस्त के दौरान एक लाख करोड़ रुपये को पार: राष्ट्रपति
Modified Date: January 28, 2026 / 03:51 pm IST
Published Date: January 28, 2026 3:51 pm IST

नयी दिल्ली, 28 जनवरी (भाषा) राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने बुधवार को कहा कि सरकार के प्रयासों से इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण क्षेत्र में अभूतपूर्व वृद्धि हुई है और भारत स्मार्टफोन उत्पादन के क्षेत्र में विश्व स्तर पर दूसरा सबसे बड़ा देश बन गया है।

मुर्मू ने कहा कि चालू वित्त वर्ष के पहले पांच महीनों में एक लाख करोड़ रुपये से अधिक का निर्यात हुआ।

उन्होंने संसद के बजट सत्र के पहले दिन दोनों सदनों की संयुक्त बैठक को संबोधित करते हुए कहा कि पिछले 11 वर्षों के दौरान अकेले इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण क्षेत्र में 25 लाख से अधिक नई नौकरियां पैदा हुई हैं और सरकार के प्रयासों से आईटी सेवाओं, इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण और वैश्विक क्षमता केंद्रों में भी एक करोड़ से अधिक युवाओं को रोजगार मिला है।

मुर्मू ने कहा, ‘पिछले 11 वर्षों में इलेक्ट्रॉनिक्स उत्पादन छह गुना बढ़ गया है। आज यह 11 लाख करोड़ रुपये के आंकड़े तक पहुंच गया है। भारत मोबाइल विनिर्माण के क्षेत्र में दूसरा सबसे बड़ा देश बन गया है। वित्त वर्ष 2025-26 के पहले पांच महीनों में भारत का स्मार्टफोन निर्यात एक लाख करोड़ रुपये को पार कर गया।’

उन्होंने कहा कि भविष्य की प्रौद्योगिकी में आत्मनिर्भरता के लिए माइक्रोचिप एक महत्वपूर्ण क्षेत्र है।

मुर्मू ने कहा, ‘आधुनिक विनिर्माण और भविष्य की प्रौद्योगिकी के लिए माइक्रोचिप में आत्मनिर्भरता बहुत महत्वपूर्ण है। वर्ष 2025 में चार नई सेमीकंडक्टर विनिर्माण इकाइयों को मंजूरी दी गई है। आने वाले वर्षों में 10 ऐसी कारखाने भारत में अपना परिचालन शुरू करने जा रहे हैं।’

मुर्मू ने कहा, ‘मेरी सरकार की सक्षम नीतियों से देश में कई नए क्षेत्र भी उभर रहे हैं।’

राष्ट्रपति ने कहा कि भारत अब दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा स्टार्टअप परिवेश बन गया है।

मुर्मू ने कहा, ‘एक दशक पहले देश में 500 से भी कम स्टार्टअप थे। आज लगभग दो लाख स्टार्टअप पंजीकृत हुए हैं, जिनमें से लगभग 50,000 नए स्टार्टअप केवल पिछले वर्ष के दौरान पंजीकृत हुए हैं।’

उन्होंने कहा कि भारत के स्टार्टअप नेटवर्क में 20 लाख से अधिक युवा काम कर रहे हैं और इनमें से 45 प्रतिशत स्टार्टअप में कम से कम एक महिला निदेशक है।

मुर्मू ने कहा, ‘पिछले साल 4जी और 5जी नेटवर्क सेवाएं एक लाख से अधिक मोबाइल टावर के माध्यम से देश के हर कोने तक पहुंच गई हैं। डिजिटल इंडिया के विस्तार ने भारत को हजारों करोड़ रुपये की रचनात्मक अर्थव्यवस्था के प्रमुख वैश्विक केंद्र के रूप में पेश किया है।’

उन्होंने कहा कि भारत अपनी व्यापक भूमिका और सक्रिय भागीदारी के साथ कई वैश्विक संगठनों में प्रमुख जिम्मेदारियां निभा रहा है।

मुर्मू ने कहा, ‘भविष्य के अवसरों और चुनौतियों को ध्यान में रखते हुए भारत अंतरराष्ट्रीय समुदाय को एक साझा मंच पर लाने के लिए ग्लोबल एआई इम्पैक्ट शिखर सम्मेलन की मेजबानी भी करने जा रहा है। यह भी दुनिया के लिए एक महत्वपूर्ण कार्यक्रम साबित होगा।’

भाषा योगेश रमण

रमण


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