एमडीए योजना से उर्वरक आयात में होगी 96 लाख टन की कटौती, बचेंगे 11,000 करोड़ रुपये: आईबीए

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एमडीए योजना से उर्वरक आयात में होगी 96 लाख टन की कटौती, बचेंगे 11,000 करोड़ रुपये: आईबीए

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  • Publish Date - July 16, 2023 / 03:02 PM IST,
    Updated On - July 16, 2023 / 03:02 PM IST

नयी दिल्ली, 16 जुलाई (भाषा) बाजार विकास सहायता (एमडीए) योजना की मदद से गोबरधन संयंत्रों से जैविक उर्वरकों का उत्पादन बढ़ेगा और 96 लाख टन रासायनिक उर्वरकों का आयात कम होगा।

भारतीय बायोगैस एसोसिएशन (आईबीए) ने यह जानकारी देते हुए कहा कि उर्वरक आयात में कटौती से 11,000 करोड़ रुपये का लाभ होगा।

मंत्रिमंडल की आर्थिक मामलों की समिति ने इस साल जून में 1,451 करोड़ रुपये की एमडीए योजना को मंजूरी दी थी।

आईबीए ने अपने अध्ययन में कहा कि यह योजना न केवल मौजूदा बायोगैस और संपीड़ित बायोगैस संयंत्रों को प्रोत्साहन देगी, बल्कि कम से कम 500 नए बायोगैस संयंत्रों के लिए अतिरिक्त सहायता भी प्रदान करेगी।

उद्योग निकाय ने कहा कि यदि दिए गए एमडीए कोष को बांटा जाता है, तो इससे 9.6 एमएमटीपीए (96 लाख टन प्रतिवर्ष) जैविक उर्वरक तैयार होगा, जिससे रासायनिक उर्वरकों के आयात में कमी आएगी।

आईबीए ने अनुमान लगाया है कि एमडीए के माध्यम से रासायनिक उर्वरक के आयात में 96 लाख टन की कमी होगी।

भाषा पाण्डेय अजय

अजय