मुंबई: Yeshwant Co-operative Bank: भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने महाराष्ट्र के फलटन स्थित ‘द यशवंत सहकारी बैंक’ के पास पर्याप्त पूंजी और आय की संभावनाएं नहीं होने के आधार पर उसका लाइसेंस रद्द कर दिया है। केंद्रीय बैंक ने मंगलवार को बयान में कहा कि यह सहकारी बैंक, बैंकिंग विनियमन अधिनियम के कुछ प्रावधानों का पालन करने में विफल रहा है और मौजूदा वित्तीय स्थिति में वह अपने जमाकर्ताओं को पूरी राशि लौटाने में सक्षम नहीं है। इसके साथ ही केंद्रीय बैंक ने महाराष्ट्र के सहकारिता आयुक्त एवं पंजीयक से बैंक को बंद करने और परिसमापक नियुक्त करने का अनुरोध किया है।
Yeshwant Co-operative Bank: आरबीआई ने कहा कि परिसमापन पर बैंक के जमाकर्ताओं को जमा बीमा और ऋण गारंटी निगम (डीआईसीजीसी) के तहत अधिकतम पांच लाख रुपये तक की बीमा राशि मिलेगी। आरबीआई के अनुसार, बैंक के 99.02 प्रतिशत जमाकर्ताओं को उनकी पूरी जमा राशि मिलने की पात्रता है। डीआईसीजीसी 20 अप्रैल, 2026 तक 106.96 करोड़ रुपये का भुगतान कर चुकी है। आरबीआई ने कहा कि यह सहकारी बैंक 19 मई, 2026 को कारोबार बंद होने के साथ ही बैंकिंग गतिविधियां संचालित करना बंद कर देगा।