अमेरिकी निर्यात-आयात बैंक ने एस्सार की मेसाबी मेटैलिक्स के लिए 10 अरब डॉलर तक समर्थन की घोषणा की

अमेरिकी निर्यात-आयात बैंक ने एस्सार की मेसाबी मेटैलिक्स के लिए 10 अरब डॉलर तक समर्थन की घोषणा की

अमेरिकी निर्यात-आयात बैंक ने एस्सार की मेसाबी मेटैलिक्स के लिए 10 अरब डॉलर तक समर्थन की घोषणा की
Modified Date: March 20, 2026 / 10:37 am IST
Published Date: March 20, 2026 10:37 am IST

(सागर कुलकर्णी)

वॉशिंगटन, 20 मार्च (भाषा) अमेरिका ने मिनेसोटा में एक बड़े खनिज एवं विनिर्माण परियोजना के लिए एस्सार समूह की कंपनी मेसाबी मेटैलिक्स को 10 अरब अमेरिकी डॉलर तक के समर्थन की घोषणा की है।

अमेरिकी निर्यात-आयात बैंक (एक्जिम) ने यह घोषणा पिछले सप्ताह तोक्यो में आयोजित हिंद-प्रशांत ऊर्जा सुरक्षा मंत्रिस्तरीय एवं व्यापार मंच के दौरान की।

एक्जिम ने कहा कि उसके ऋण करीब 30 अरब डॉलर के रणनीतिक समझौतों को आगे बढ़ा रहे हैं जिनका उद्देश्य हिंद-प्रशांत सहयोगियों के साथ मिलकर अमेरिका की आपूर्ति श्रृंखला सुरक्षा को मजबूत करना है।

जापान की राजधानी तोक्यो में आयोजित इस मंच में एक्जिम के चेयरमैन एवं प्रमुख जॉन जोवानोविच, वरिष्ठ अधिकारियों सहित आंतरिक मामलों के मंत्री डग बर्गम और पर्यावरण संरक्षण एजेंसी के प्रशासक ली जेल्डिन उपस्थित थे।

एक्जिम ने कहा कि मेसाबी मेटैलिक्स एक एकीकृत लौह अयस्क खनन एवं प्रसंस्करण संयंत्र का निर्माण कर रही है। इसे हर साल लगभग 70 लाख टन उच्च गुणवत्ता वाले प्रत्यक्ष अपचयन लौह अयस्क पेलेट्स के उत्पादन के लिए तैयार किया गया है। यह आधुनिक इस्पात निर्माण के लिए महत्वपूर्ण कच्चा माल है और इससे अमेरिका में सैकड़ों नौकरियां उत्पन्न होंगी।

ये उच्च गुणवत्ता वाले पेलेट्स अगली पीढ़ी के इस्पात उत्पादन के लिए आवश्यक हैं और अवसंरचना, विनिर्माण एवं उन्नत उद्योगों के लिए जरूरी सामग्री की आपूर्ति में मदद करते हैं।

एक्जिम ने कहा कि यह परियोजना भारत के साथ रणनीतिक आर्थिक संबंधों को भी मजबूत करती है एवं दर्शाती है कि ऊर्जा तथा महत्वपूर्ण खनिजों के क्षेत्र में सहयोग किस तरह नवाचार, आर्थिक वृद्धि और मजबूत आपूर्ति श्रृंखलाओं को बढ़ावा दे सकता है।

इस तरह की पहलों के माध्यम से एक्जिम अमेरिका के ऊर्जा प्रभुत्व एजेंडा को आगे बढ़ा रहा है। साथ ही घरेलू उद्योग को मजबूत करते हुए हिंद-प्रशांत क्षेत्र में सहयोगी देशों के साथ साझेदारी भी बढ़ा रहा है।

एक्जिम ने जनरल मैटर द्वारा जापान और दक्षिण कोरिया गणराज्य में परमाणु ऊर्जा संचालकों को परमाणु ईंधन की बिक्री के लिए संभावित वित्तपोषण में 4.2 अरब अमेरिकी डॉलर तक का समर्थन करते हुए रुचि पत्र भी जारी किए।

यह वित्तपोषण मौजूदा एवं उन्नत परमाणु रिएक्टर में उपयोग होने वाले अमेरिकी समृद्ध यूरेनियम की खरीद का समर्थन करेगा, जिससे विरोधी आपूर्तिकर्ताओं पर निर्भरता कम करने तथा हिंद-प्रशांत क्षेत्र में सुरक्षित परमाणु ईंधन आपूर्ति श्रृंखला को मजबूत करने में मदद मिलेगी।

ऑस्ट्रेलिया में आरजेड रिसोर्सेज कोपी परियोजना पर काम कर रही है जो एक बड़े पैमाने की परियोजना है और इससे टाइटेनियम कच्चा माल, जिरकॉन तथा अन्य रणनीतिक खनिजों का उत्पादन होने की उम्मीद है, जिनका उपयोग उन्नत विनिर्माण और रक्षा आपूर्ति श्रृंखलाओं में होता है।

एक्जिम का यह समर्थन अमेरिका के ऊर्जा प्रभुत्व को बढ़ाने, ऊर्जा आपूर्ति के विस्तार और घरेलू समुद्री क्षमताओं को मजबूत करने की प्राथमिकता को आगे बढ़ाता है।

भाषा निहारिका मनीषा

मनीषा


लेखक के बारे में